Published On : Tue, Sep 23rd, 2014

पश्चिम से विकास ठाकरे, पूर्व से अभिजीत वंजारी, दक्षिण से सतीश चतुर्वेदी होंगे कांग्रेस उम्मीदवार!


राजेंद्र मुलक का पश्चिम से टिकट कटा, कामठी से होंगे प्रत्याशी

Nagpur-Congress-Candidatesनागपुर न्यूज।

विधान सभा चुनावों की हलचल दिन ब दिन तेज होती जा रही है। जहां एक ओर भाजपा-शिव सेना में सीटों के बंटवारे को लेकर घमासान जारी है, वहीँ कांग्रेस अपने गठबंधन सहयोगी रांकापा से अपने समझौते से इतर अपने विश्वस्त उम्मीदवारों के नाम पर मुहर लगा चुका है। हालांकि कांग्रेस ने अभी अपने उम्मीदवारों की आधिकारिक रूप से घोषणा तो नहीं की है लेकिन पार्टी में मौजूद उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि नागपुर की सभी 6 विधान सभा सीटों के लिए उम्मीदवारों के नाम तय किए जा चुके हैं। सूत्र बताते हैं कि इनमें से 4 प्रत्याशियों के चयन में नागपुर के पूर्व कांग्रेस सांसद विलास मुत्तेमवार ने अहम भूमिका निभाई है।

सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस हाई कमान ने नागपुर की पश्चिम विधान सभा सीट से विकास ठाकरे का टिकट पक्का कर दिया है वहीं दक्षिण पश्चिम नागपुर से प्रफुल्ल गुडधे पाटिल, उत्तर नागपुर सीट से नितिन राउत, दक्षिण नागपुर से सतीश चतुर्वेदी, पूर्व विधान सभा सीट से अभिजीत वंजारी और मध्य नागपुर से अनीस अहमद के नामों पर मुहर लग चुकी है।

नागपुर की इन विधान सभा सीटों से राजेन्द्र मुलक को आश्चर्यजनक रूप से बाहर रखा गया है जबकि पश्चिम की सीट से मुलक प्रबल दावेदार माने जा रहे थे और वे इसके लिए एड़ी चोटी का जोर भी लगा रहे थे। मुलक राज्य के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण के करीबी माने जाते हैं लेकिन इस मामले में उनकी निकटता काम नहीं आई। सूत्रों ने बताया कि मूलक को पूरी तरह निराश न करते हुए उन्हें कामठी विधान सभा क्षेत्र से चुनाव मैदान में उतारा जाएगा, जहां उनका मुकाबला भाजपा के चंद्रशेखर बावनकुले से होने की संभावना है।

विकास ठाकरे की टक्कर भाजपा के सुधाकर देशमुख से हो सकती है। दोनों ही उम्मीदवार कुनबी हैं लेकिन इस सीट पर कांग्रेस में इस बार ज्यादा एकजुटता नजर आ रही है।

दक्षिण पश्चिम सीट पर प्रफुल्ल गुडधे पाटिल को वर्तमान विधायक एवं भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष देवेन्द्र फडणवीस कड़ी टक्कर देते नजर आएंगे।

उत्तर नागपुर से कांग्रेस प्रत्याशी नितिन राउत का नाम पहले से ही तय था जहां से भाजपा के मिलिंद माने उनके सामने हो सकते हैं जबकि बसपा पहले ही इस सीट से किशोर गजभिये के नाम की घोषणा कर चुकी है।

दक्षिण नागपुर से सतीश चतुर्वेदी को कांग्रेस उम्मीदवार बनाया गया है। इस सीट पर वर्तमान में कांग्रेस विधायक दीनानाथ पडोले विराजमान हैं जिन्हें हटाकर चतुर्वेदी को उतारा जा रहा है क्योंकि पडोले के कार्यकाल में उनके काम से उनके क्षेत्र की जनता और पार्टी आलाकमान दोनों ही नाखुश बताए जा रहे हैं। बहरहाल, इस सीट से चतुर्वेदी का मुकाबला शिव सेना के किरण पांडव या शेखर सावरबांधे से हो सकता है।

पूर्व नागपुर विधान सभा सीट पर कांग्रेस ने अप्रत्याशित रूप से अभिजीत वंजारी को मौका दिया है। इस सीट पर भाजपा के कृष्णा खोपड़े विधायक हैं और माना जा रहा है कि वंजारी उन्हें कड़ी टक्कर दे सकते हैं। दोनों ही तेली समाज से आते हैं.

मध्य नागपुर से अनीस अहमद कांग्रेस के टिकट पर जोर आजमाएंगे और इस बार भाजपा ने भी अपनी रणनीति बदलते हुए इस सीट से गिरीश व्यास को उतारने का मन बनाया है। गौरतलब है कि इस सीट से भाजपा के विकास कुंभारे विधायक हैं जो हलबा समाज के हैं। इस विधान सभा क्षेत्र में हलबा समाज के वोटरों की संख्या 1.5 लाख के आसपास है लेकिन बताया जा रहा है कि इस समाज के लोग कुंभारे के काम से खुश नहीं हैं जिसे देखते हुए गिरीश व्यास को अनीस अहमद के मुकाबले में उतारा जा रहा है।

स्पष्ट है कि कांग्रेस ने इस बार जातिगत समीकरण को आधार बनाकर हर जाति का उम्मीदवार मैदान में उतारा है।

कायम है मुत्तेमवार का वर्चस्व
उल्लेखनीय है कि कांग्रेस नेता विलास मुत्तेमवार ने नागपुर की विधान सभा सीटों पर उम्मीदवारों के चयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मुत्तेमवार को कथित तौर पर नागपुर के कांग्रेस पार्षदों का भी पूरा समर्थन प्राप्त है।

एयरपोर्ट पर हुई अगवानी
सूत्र बताते हैं कि मंगलवार सुबह जब दिल्ली से सतीश चतुर्वेदी और अभिजीत वंजारी नागपुर विमानतल पहुंचे तो उनके साथ विलास मुत्तेमवार भी थे। इन नेताओं की अगवानी करने विकास ठाकरे और प्रफुल्ल गुडधे पाटिल अपने समर्थकों के साथ पहुंचे।

द्वारा:-राजीव रंजन कुशवाहा