Published On : Thu, Mar 30th, 2017

वेकोलि ने किया रूपए १२७ करोड़ का धनादेश वितरण पहली बार दिए गए धनादेश के साथ रोजगार प्रस्ताव पत्र

नागपुर स्थित मिनीरत्न वेस्टर्न कोल फ़ील्ड्स लिमिटेड ने आज वणी क्षेत्र स्थित मनोरंजन केंद्र में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान चंद्रपुर, वणी नार्थ तथा माजरी क्षेत्रों में स्थित दुर्गापुर डीप एक्सटेंशन, कोलार पिंपरी, एकोना -1ओपन कास्ट परियोजनाओं लिए अधिग्रहित भूमी के एवज में मुआवजे का कुल रूपए127करोड़ का वितरित किया. इस कार्यक्रम के दौरान वेकोलि में पहली बार धनादेश के साथ रोजगार के आदेश पत्र भी वितरित किए गए . धनादेश वितरण कार्यक्रम के अध्यक्ष वेकोलि के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक श्री राजीव रंजन मिश्र तथा वेकोलि के निदेशक (कार्मिक) डा. संजय कुमार, माननीय विधयाक वरोरा श्री सुरेश भाऊ धानुरकर, सांसद प्रतिनिधी माननीय श्री राहुल सराफ तथा के हाथों किया गया . वेकोलि के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक श्री राजीव रंजन मिश्र ने अपने अध्यक्षीय संबोधन में जनप्रतिनिधियों तथा ग्रामीणों को कंपनी, क्षेत्र तथा देश के विकास में हिस्सेदारी दर्ज कराने के लिए हार्दिक धन्यवाद दिया . कार्यक्रम के आरम्भ में माननीय श्री राहुल सराफ तथा माननीय विधयाक वरोरा श्री सुरेश भाऊ धानुरकर ने सभा को संबोधित किया .कार्यक्रम के दौरान महाप्रबंधक वणी क्षेत्र श्री एम. के मजुमदार, महाप्रबंधक चंद्रपुर श्री ए. सी. सिंह, महाप्रबंधक वणी नार्थ श्री आर. के सिंह, महाप्रबंधक माजरी श्री एस. पी. पांडेय, जन प्रतिनिधीगण, परियोजना से प्रभावित लोग तथा ग्रामीण प्रमुखता से उपस्थित रहे . उपरोक्त तीनों परियोजनाओं में अधिग्रहित भूमी के एवज में तकरीबन 580लोगो को रोजगार दिया जाना प्रस्तावित है जिसमे से लगभग295रोजगारों को अभी तक स्वीकृती प्रादान हो चुकी है . वेकोलि ने वर्ष2016-17के दौरान कुल1537लोगो को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए है जबकी पिछले दस वर्षों में कुल1606लोगो को ही रोजगार उपलब्ध कराया जा सका था.

बताते चले कि भू अधिग्रहण सहित अन्य सभी क्षेत्रों में पिछले ढाई वर्षों के दौरान वेकोलि ने विभिन्न नए आयाम स्थपित किए है . वेकोलि ने वर्ष2004से2014तक (दस वर्षों के दौरान) कुल 3991.41 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहण के मुकाबले वर्ष2014(अक्टूबर) से 2017 (ढाई वर्षो में) कुल5122.63हेक्टेयर जमीन को अधिग्रहित किया जिसके परीणाम स्वरुप 2004 से 2014 तक1606 लोगों के मुकाबले वर्ष 2014 (अक्टूबर) से 2017 तक कुल ढाई वर्षों में 3060 लोगों को रोजगार दिये जाने में सफलता मिली.