Published On : Tue, Oct 16th, 2018

शमशान से घर लौटी लाश को चमत्कार का इंतजार

गोंदिया : गोंदिया के ग्राम घोटी निवासी 8 साल के बालक आदित्य को जहरीले नाग ने डंंस लिया , सर्पदंश के शिकार बालक को जिला अस्पताल में उपचार हेतु भर्ती कराया गया ‌, इलाज दौरान उसने दम तोड़ दिया , शासकीय डॉक्टरों ने डेथ सर्टिफिकेट जारी करने के बाद लाश परिजनों को सौंपी , परिजन अंतिम संस्कार हेतु शव लेकर श्मशान घाट आए , अंत्येष्टि में शामिल एक व्यक्ति ने बालाघाट जिले के कटंगी निवासी डॉ. लिलहारे(बीएचएमएस) से फोन पर बात की तब उन्होंने बच्चे के हाथ की नस काटने की सलाह दी , नस काटने पर रक्त निकलने की जानकारी आयुर्वेदिक डॉक्टर लिलहारे को दी गई ।

जिसके बाद डॉ.लिलहारे ने बच्चे के जीवित होने का दावा कर दिया और जड़ी बूटी से लेप लगाकर उपचार कर ठीक कर देने की बात कही, इस पर परिजन शव को घर वापस लेकर आ गए। देर रात डा.लिलहारे अपने सहयोगी डॉक्टर बघेले तथा कंपाउंडर के साथ जड़ी बूटी लेकर गांव में पहुंचे तो पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।

बालक के उपचार हेतु गांव आए डॉक्टरों के गिरफ्तारी के बाद हंगामा खड़ा हो गया तथा आक्रोशित ग्राम वासियों का कहना है कि बच्चे के उपचार के लिए एक मौका आयुर्वेदिक डॉक्टरों को मिलना चाहिए था लेकिन पुलिस ने ऐसा नहीं किया ? इस मामले को लेकर आज मंगलवार सुबह राज्य महामार्ग की सड़कों जगह-जगह टायर जलाकर चक्का जाम किया गया है एक विरोध प्रदर्शन रैली गोरेगांव थाने पर भी इस बात को लेकर निकाली गई है कि जादू टोना अधिनियम के तहत गिरफ्तार किए गए 2 डॉक्टरों को पुलिस रिहा करें , इलाके में तनाव की स्थिति व्याप्त है|