Published On : Thu, Jan 8th, 2015

अकोला : शिवसंग्राम ने पाटा शहर के गड्ढों को


शहर की सडकों पर नहीं दौडेंगे मिल्खा सिंह

अकोला। शहर की सडकों की बदहाली इसमें बने हुए गहरें गड्ढो के बावजूद आगामी रविवार को आईएमए द्वारा आयोजित वाकथान स्पर्धा में प्रतिभागी दौडेंगे. शहर की सडकों की खस्ता हालत को देखते हुए शिव संग्राम युवक संगठन के विभागीय अध्यक्ष शिवा मोहोड के नेतृत्व में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताआं ने स्वयं के आर्थिक योगदान श्रमदान कर नेहरू पार्क से लेकर दुर्गा चौराहै तर सडकों पर बने हुए गड्ढो को मुरूम डालकर इसे पाटने का काम किया. शिवसंग्राम कार्यकर्ताओं ने वाकथान स्पर्धा को देखते हुए इस स्पर्धा में दौडने वाले स्पर्धकों को दौडने में होने वाली परेशानी को कम करने के लिए शहर की सडकों पर बने हुए गड्ढो को लेकर गहरी चिंता जताई है .

निसर्ग उपचार तज्ञ डा. सी.वी. डेडिया ने यह आंदोलन देखकर इसकी प्रशंसा भी की है. आंदोलन में शिवसंग्राम संगठन के जय पाटील, मंगेश सावरकर, सागर मोहोड, शिवा बेंडे, गौरव गावंडे, सुनील अंजनकर, विट्ठल पाटिल, गजानन माली, मुकिंदा घेंगे, प्रथमेश देशमुख, अभिजीत ढोरे, गोपाल देशमुख, संजय यावतकर, सौरंभ गायकवाड, सम्यक बडवे, सुनील दाते, संगम मोहोड, अक्षय हरणे, मनीष दारोकार, बंदी लोकर, सोनू वानरे, अक्षय वानखडे, शुभम चिखलकवार, अमोल ईटखेडे, उमेश देशमुख, राहुल इंगोले, अमित उके, प्रदीप मते, गुड्डू बोरसे, स्वप्नील काले, चंदन गिरी, विशाल खारोले, राम इंगले, आशिष आमले, प्रथमेश पातोंड, मो. सलीम तेल्हारा, इस्माईल खान, सचिन

बोनगिरे, अमोल प्रांजडे, शुभम गावंडे, अजय बोराले, खेमराज भटकर आदि कार्यकर्ता शामिल हुए. जानकारी है कि अंतरराष्ट्रीय रूप से ख्यातिप्राप्त खिलाडी मिल्खा सिंह ने स्पर्धा में दौडने के लिए नकार दिया है. शहर की सडकों की हालत देखते हुए उन्होंने यह निर्णय लिया . बावजूद इसके सम्बंधित पशासन पर इसका कोई असर दिखाई नहीं दे रहा.
Worse Road