Published On : Tue, Feb 18th, 2020

7 सीटों के लिए मार्च में होगा राज्यसभा चुनाव

नागपुर– महाराष्ट्र में राज्यसभा की सात सीटों के लिए मार्च में चुनाव होगा. संख्याबल के आधार पर भाजपा इस चुनाव में सबसे आगे रह सकती है. 4 सीटें वह जीत सकती है. शहर के बड़े उद्यमी व पूर्व राज्यसभा सदस्य अजय संचेती की राज्यसभा में वापसी हो सकती है. हालांकि भाजपा के इन सीटों के लिए दावेदारों की संख्या कम नहीं है. कतार सी लगी है.

सामाजिक रणनीतिक समन्वय के विषय को देखते हुए कोई नया नाम भी सामने आ सकता है. हाल ही में सिंचाई घोटाले के मामले में भ्रष्टाचार प्रतिबंधक विभाग ने कुछ निर्माण कार्य कंपनियों व अधिकारियों के विरुद्ध पुलिस थाने में प्रकरण दर्ज कराए हैं. इनमें संचेती की कंपनी भी शामिल है. सूत्र के अनुसार भ्रष्टाचार के ताजा मामले को छोड़ दिया जाये तो संचेती के लिए भाजपा कोटे से राज्यसभा उम्मीदवार बनने की राह आसान है.

गौरतलब है कि राज्य में 7 राज्यसभा सदस्यों के कार्यकाल 2 अप्रैल को समाप्त हो जाएंगे. लिहाजा मार्च में इन सीटों के लिए चुनाव कराया जाएगा. जिन सदस्याें का कार्यकाल पूरा होने जा रहा है, उनमें भाजपा व उसके समर्थन में रामदास आठवले, संजय काकडे, अमर साबले, कांग्रेस से हुसैन दलवाई, शिवसेना राजकुमार धूत, राकांपा शरद पवार व माजिद मेमन शामिल हैं. राकांपा से शरद पवार का फिर से राज्यसभा में जाना तय माना जा रहा है. इन चुनावों के लिए भाजपा ने दो उम्मीदवार रामदास आठवले व उदयन राजे भोसले के नाम घोषित किए हैं.

राज्यसभा चुनाव में सदस्य चुनने के लिए 37 विधानसभा सदस्याें के मत का कोटा है. भाजपा के 105, शिवसेना 56, राकांपा 54, कांग्रेस 44, महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना 1, समाजवादी पार्टी 2, शेकाप 1, बहुजन वंचित आघाडी के 3 सदस्य हैं. इनके अलावा 12 निर्दलीय विधायक हैं.

विधानसभा में सदस्यों की संख्या देखते हुए राज्यसभा के एक सदस्य के लिए 37 विधायकों के मत लगेंगे. संख्याबल के आधार पर भाजपा के 3, कांग्रेस, राकांपा व शिवसेना के एक-एक उम्मीदवार जीतना तय है. 2 सीटों के लिए सभी दल परस्पर चुनौती खड़ी करने का प्रयास करेंगे. शिवसेना, कांग्रेस व राकांपा की महाविकास आघाड़ी के निर्दलीयों के समर्थन से संख्याबल 170 है. भाजपा गठबंधन के पास संख्याबल 115 है. भाजपा के सूत्र ने दावा किया है कि राज्यसभा चुनाव में चौंकानेवाले परिणाम सामने आ सकते हैं. महाविकास आघाड़ी को चुनौती देते हुए भाजपा 5 सीटें जीत सकती है.