Published On : Wed, Aug 17th, 2016

विहिप अध्यक्ष तोगड़िया संघ मुख्यालय तलब, संघ प्रमुख से मिली संभलकर बोलने की ताकीद

Praveen Togadia

File Pic


नागपुर:
अपने हालिया बयान में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर हमला बोलने वाले विश्व हिन्दू परिषद अध्यक्ष प्रवीण तोगड़िया ने बुधवार 17 अगस्त 2016 को संघ मुख्यालय तलब किये गए। गौरक्षा की आड़ में मुठ्ठी भर लोगो द्वारा असामाजिक कार्य किये जाने के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के बयान पर तोगड़िया ने आपत्ति जताते हुए इस बयान को हिन्दुओ का अपमान कहा था। साथ ही फर्जी गौरक्षकों पर केंद्र द्वारा राज्यो को जारी एडवायज़री को हिन्दू विरोधी बताया था। तोगड़िया के इस बयान से संघ उनसे नाराज चल रहा था। माना जा रहा है की प्रधानमंत्री ने फर्जी गौरक्षकों पर जो रुख दर्शाया है। संघ उससे सहमत है और पूरी तरह मोदी के साथ खड़ा है। यह जानते हुए भी तोगड़िया ने सार्वजनिक तौर पर प्रधानमंत्री के विरोध में बयान दिया।

संघ के प्रचार प्रमुख मनमोहन वैद्य प्रधानमंत्री के बयान को सही बता चुके है। ऐसे में तोगड़िया का बयान न सिर्फ संघ के खिलाफ जाता है। बल्कि इससे सरकार के खिलाफ जनता में गलत संदेश पहुँचता है। कयास लगाए जा रहे है कि आज हुई संघ प्रमुख के साथ बैठक में इसी मुद्दे को लेकर चर्चा हुई। संघ प्रमुख ने उनके बयान पर संघ की प्रतिक्रिया देते हुए भविष्य में सोच समझ कर बोलने की नसीहत भी दी है।

दरअसल वर्तमान स्थिति में संघ पूरी तरह से मोदी के साथ खड़ा है। ऐसे समय में तोगड़िया का बयान जनता के बीच में सरकार की छवि को ख़राब करता है। जो संघ बिलकुल नहीं चाहता। इसलिए उन्हें भविष्य में सोच समझकर बोलने की ताकीद दी गई।

देश में शुरू दलित आंदोलन सरकार की छवि को प्रभावित कर रहा है। प्रधानमंत्री के गृह राज्य में शुरू आंदोलन के बाद सरकार डैमेज कन्ट्रोल का प्रयास कर रही है। दूसरी तरफ से इस तरह की बयानबाजी से सरकार की इस कोशिश को ही प्रभावित कर रही है। आने वाले कुछ वक्त में गुजरात और उत्तर प्रदेश में चुनाव होने वाले है, जो राजीनितिक तौर पर पार्टी के लिए बेहद अहम है। पार्टी को गुजरात में जहाँ जनता का भरोसा दोबारा जीतना है। तो वही दूसरी ओर उत्तर प्रदेश में लोकसभा चुनाव के दौरान मिली कामियाबी को फिर एक बार दोहराना है। ऐसी सूरत में भाजपा और संघ सोच समझ कर रणनीति बना रहे है। पर संघ से जुड़े लोगो के द्वारा बीच-बीच में सरकार की आलोचना करते बयान आ जाते है। ऐसी बयान बाजी करने वालो को समझने और आगे ऐसा न हो इसलिए संघ ने गंभीर रुख अख्तियार कर लिया है। तोगड़िया से पहले बीजेपी के नेता सुब्रमण्यनन स्वामी ने भी संघ प्रमुख से मुलाकात की। तोगड़िया की ही तरह स्वामी भी सरकार के खिलाफ सार्वजनिक रूप से बोलते अक्सर नजर आते है। पर अब ऐसे लोगो को संघ ने कड़ा संदेश जारी कर दिया है।

प्रवीण तोगड़िया बुधवार को करीब पांच घंटे महल स्थित मुख्यालय में ही रहे। संघ प्रमुख से उनकी मुलाकात करीब आधा घंटा चली। मोदी के अलावा विहिप के विस्तार और आगामी चुनाव को लेकर भी चर्चा होने के कयास लगाए जा रहे है। तोगड़िया ने मुख्यालय में ही दोपहर का भोजन किया।