Published On : Fri, Jun 21st, 2019

जोमैटो के खिलाफ पुलिस आयुक्त को सौपा ज्ञापन

आमरण अनशन पर बैठने की दी चेतावनी

नागपुर: आनलाइन फूड डिलीवरी कम्पनी जोमैटो के तानाशाहीपूर्ण रवैये से तंग आकर शिवसेना शहर समन्वयक नितिन तिवारी के नेतृत्व में शिष्टमंडल के साथ सैकड़ों डिलीवरी ब्वायज ने गुरुवार को पुलिस आयुक्त भूषणकुमार उपाध्याय से मुलाकात की. इस दौरान डिलीवरी ब्वायज के साथ हो रहे अन्याय को रोकने के लिए कम्पनी के खिलाफ एक्शन लेने के लिए ज्ञापन सौंपा.

चर्चा के दौरान पुलिस आयुक्त ने तुरंत एक्शन लेते हुए जोमैटो फूड डिलीवरी कम्पनी के रीजनल मैनेजर विपुल सिन्हा को फोन लगाकर हड़काया और जल्द से जल्द जोमैटो डिलीवरी ब्वायज के साथ चर्चा कर समस्या का समाधान करने के निर्देश दिए. उन्होंने यह भी कहा कि यदि समस्या का समाधान नहीं किया गया तो इस कारण शहर में ला एंड आर्डर की स्थिति निर्माण होने पर कम्पनी जिम्मेदार होगी. वहीं यातायात विभाग के उपआयुक्त गजानन राजमाने को इस संपूर्ण मामले पर निगरानी रखने के आदेश दिए.

उल्लेखनीय यह हैं कि दरअसल कम्पनी की ओर से किसी तरह की सुविधा नहीं दिये जाने के बावजूद डिलीवरी ब्वायज ग्राहकों को समय पर आर्डर पहुंचा रहे हैं. इसके बाद भी कम्पनी ने पिछले कुछ दिनों से डिलीवरी ब्वायज को दिये जाने वाला इंसेटिव 50 रुपये से घटाकर 30 रुपये कर दिया और आर्डर का टारगेट 16 से बढ़ाकर 20 से 22 कर दिया है. इंसेंटिव कम करने और आर्डर का टारगेट बढ़ा देने से डिलीवरी ब्वायज में कम्पनी के खिलाफ काफी रोष है. शिवसेना की मांग है कि 24 घंटों के भीतर जोमैटो मैनेजमेंट डिलीवरी ब्वायज का टारगेट और उन्हें दिया जाने वाला इंसेंटिव पूर्व की तरह करें. राइडर्स के मानवाधिकार का हनन और प्रताड़ित करने के आरोप में कम्पनी पर मामला दर्ज किया जाए और लाइसेन्स रद्द कर शहर में फूड डिलीवरी प्रतिबंधित की जाए, अन्यथा हजारों डिलीवरी ब्वायज के साथ मिलकर शिवसेना आमरण अनशन पर बैठेगी. इस दौरान सहकार्यालय प्रमुख मुन्ना तिवारी, प्रशांत गोलछा, अब्बास अली, आशीष हाडगे, अभिषेक धुर्वे, ललित बावनकर, अभिनय लाखडे आदि डिलीवरी ब्वायज उपस्थित थे.