Published On : Wed, Feb 26th, 2020

मनोरोगियों के प्रति हमारी सोच बदलनी होगी-विधायक चौरे

मनोसामाजिक दिव्यांगता प्रमाणीकरण शिविर का आयोजन

सौंसर-मनोरोगियों के प्रति हमारी सोच बदलनी होगी,हमारे मन में मानसिक रोगियो की सेवा का जज्बा होना चाहिए,दिव्यांग भी सामान्य व्यक्ति की तरह कार्य कर सकता है यह बात विधायक विजय रेवनाथ चौरे ने सिविल अस्पताल में आयोजित दो दिवसीय मनोसामाजिक दिव्यांगता प्रमाणीकरण शिविर के उदघाटन कार्यक्रम में कही। इस अवसर पर देवास की मनोचिकित्सक डॉ विजया सकपाल, डॉ सुधीर शुक्ला,बीएमओ डॉ एन के शास्त्री, डॉ अलका जैन, डॉ धाडसे, जनपद पंचायत सीईओ डी के करपे, ग्रामीण आदिवासी समाज विकास संस्थान संचालक श्यामराव धवले, महिला कांग्रेस उपाध्यक्ष प्रतिभा चौरे, पूर्व जिप सदस्य सुनीता आवारी, अनिल वनकर,विजय धवले ,डीडीआरसी के पंचलाल चन्द्रवंशीप्रमुखता से उपस्थित थे ।

विधायक श्री चौरे ने संबोधित करते हुए कहा कि यह शिविर 7 वर्ष के बाद हो रहा है, हमारा प्रयास हो कि कोई भी दिव्यांग इसका लाभ लेने से ना छूटे। मुख्यमंत्री कमलनाथ, सांसद नकुलनाथ निरतंर जिले में बेहतर चिकित्सा व्यवस्था बनाने में लगे है। संस्था संचालक श्री धवले ने शिविर का प्रास्ताविक रखकर कहा कि वर्ष 2013 में शिविर का आयोजन हुआ था ।

विगत 7 वर्षों से जिले में मनोचिकित्सक उपलब्ध नहीं होने के कारण शिविर नही पाया लेकिन जिला प्रशासन और विधायक चौरे के सहयोग से यह शिविर आयोजित हो रहा है। संस्था दिव्यांगों और मानसिक रोगियों के पुनर्वास और सशक्तिकरण के लिए सौंसर, पांढुर्णा और छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में कार्य किया जा रहा है। शिविर में दिव्यांग बोर्ड के माध्यम से दिव्यांगजनों प्रमाण पत्र भी बनाए जा रहे है,वही दिव्यांगो के सुविधा के लिए पंजीयन स्टॉल भी लगाए है। संचालन पंचायत निरीक्षक घनश्याम डेहरिया ने किया।