Published On : Mon, Jan 6th, 2020

बुजुर्ग महिला के अंगदान से मिला दो लोगों को जीवनदान

नागपुर- एक बुजुर्ग 75 वर्ष की महिला के कारण दो लोगों को जीवनदान मिला। महिला का नाम विमलप्रसाद श्रीवास है। उन्हें ब्रेनडेड घोषित करने के बाद न्यू एरा हॉस्पिटल में दो लोगों को जीवनदान मिला। महिला की उम्र ज्यादा होने की वजह से उनकी दोनों किडनी एक ही मरीज को लगाई जाने की यह घटना मध्यभारत में पहली बार ही सामने आयी है। अत्यंत कठिन ऑपरेशन में किडनी ट्रांसप्लांट के द्वारा 46 वर्षीय व्यक्ति को जीवनदान मिला है। तो वही उनके लिवर से जम्मू-कश्मीर के एक युवक को भी जीवनदान मिला है।

जानकारी के अनुसार भरतवाड़ा के गुलमोहर नगर निवासी विमलप्रसाद श्रीवास को सात बच्चे है। उनकी 18 दिसंबर को उनकी तबियत खराब हुई थी। उनको उपचार के लिए न्यू एरा हॉस्पिटल में भर्ती किया गया था। अतिरक्तरसाव के कारण उनकी प्रकृति अचानक खराब हो गई। उपचार में प्रतिसाद नहीं मिलने की बात परिजनों को बताई गई। ब्रेनडेड होने की बात डॉ.नीलेश अग्रवाल, डॉ.पराग मून, डॉ.साहिल बंसल, डॉ.अमोल कोकस ने बताई। इस दौरान प्रसारमाध्यम में काम करनेवाले ओंकार श्रीवास, बेटी माया नीमपुरे को डॉक्टरों ने ऑर्गन डोनेशन के बारे में मार्गदर्शन किया। मौत होने के बाद भी माँ के ऑर्गन डोनेशन से दुसरो को जीने का मौका मिलेगा। यह पुण्यक्रम होने के कारण उन्होंने डोनेशन की मंजूरी दी। इसके बाद डॉक्टरों ने तुरंत विभागीय अवयवदान समिति की अध्य्क्ष डॉ.विभावरी दाणी से संपर्क किया। उनकी अनुमति के बाद नए साल में पहले ऑर्गन डोनेशन के कारण दो लोगों को जीवनदान मिल सका है।

इस बारे न्यू एरा हॉस्पिटल के डॉ. आनंद संचेती ने जानकारी देते हुए बताया की दोनों ही किडनी हॉस्पिटल में ही ट्रांसप्लांट की गई है। यह ऑपरेशन डॉ. संचेती के मार्गदर्शन में डॉ. निधेश मिश्रा, डॉ.शिवनारायण आचार्य, डॉ.रवि देशमुख, डॉ.रोहित गुप्ता, डॉ.अमित देशपांडे, डॉ.अमोल कोकस ने और डॉ.अश्विनी चौधरी ने किया तो वही लिवर ट्रांसप्लांट का ऑपरेशन ट्रांसप्लांट विशेषज्ञ डॉ.राहुल सक्सेना, डॉ.साहिल बंसल, डॉ.सुशांत गुलहाने ने किया।