Published On : Fri, Mar 23rd, 2018

शाम ढलते ही बार में तब्दील हो जाता है मनपा मुख्यालय

नागपुर: नागपुर महानगरपालिका की ‘बदहाली से परेशान’ को मनपा ठेकेदारों का एक विशेष तबका प्रचारित कर रहा है, ताकि प्रशासन पर प्रभाव बना सके. तो वहीं दूसरी ओर रोजाना अंधेरा होते ही मनपा मुख्यालय परिसर मयखाने में तब्दील कर दिया है. उक्त ग़ैरकृत पर अंकुश लगाने के लिए मनपा प्रशासन शाम को औचक निरिक्षण करे या फिर ठेकेदार संगठन को दिए गए कार्यालय को स्थानांतरित करे. अन्यथा ये मनपा की रौनक में यूं ही चार-चांद लगती रहेगी.

‘नागपुर टुडे’ ने इसके पूर्व भी कई दफे प्रमुखता से प्रकाशित कर मनपा प्रशासन का ध्यानाकर्षण करवा चुकी है, मनपा मुख्यालय में शाम ढलते ही ठेकेदारों द्वारा शराब पीने का अड्डा बना दिया गया है. पिछले कुछ दिनों से मनपा का तथाकथित ठेकेदार संगठन नाना प्रकार के मांगों को लेकर पत्रबाजी कर रहा है तो कभी पूर्व व वर्तमान पदाधिकारियों के कंधों पर बन्दूक रख प्रशासन पर अपनी बात मनवाने का दबाव बना रहा है. संगठन आर्थिक तंगी का रोना सह कर्जबाजारी से परेशान होने को प्रचारित किया जा रहा.

मनपा मुख्यालय में प्रवेश करते ही दाहिने हाथ की ओर मनपा ठेकेदारों का कक्ष है. इसके समक्ष मनपा गार्डन विभाग द्वारा बगीचा तैयार कर नियमित सेवा की जा रही है ताकि निरंतर हरियाली कायम रहे और परिसर की रौनक बढ़ाते रहे. मनपा ठेकेदारों में से शौक़ीन इस परिसर को शाम ढलते ही बार बना देते हैं और जब नशा सर चढ़ के बोलने लगता हैं तो खाली चखने के पैकेट और शराब,पानी,सोडा की बोतलें सामने स्थित बगीचे में फेंक अपने करतूतों की निशानी भी छोड़ जाते हैं.

यह मनपा है या मयकदा!

इस घटनाक्रम के प्रत्यक्षदर्शी के अनुसार यह सिलसिला पुराना है, पहले कुछ कर्मी-अधिकारी,नगरसेवक भी महफ़िल का हिस्सा हुआ करते थे. बगीचे के दुरुपयोग से क्षुब्ध नागरिकों ने मनपायुक्त से मांग की है कि उक्त ग़ैरकृत पर अंकुश लगाने के लिए मनपा प्रशासन शाम को अचानक निरिक्षण करे या फिर ठेकेदार संगठन को दिए गए कार्यालय को स्थानांतरित करे. वर्ना ये स्मार्ट सिटी परियोजना में चांद पर दाग सामान नज़र आएगा.