Published On : Tue, Jul 16th, 2019

बंबई उच्च न्यायालय ने रेस्तरां मालिक को हर्बल हुक्का उपलब्ध कराने की इजाजत दी

बंबई उच्च न्यायालय ने मुंबई के एक रेस्तरां मालिक को अपने रेस्तरां में कथित तौर पर तंबाकू मुक्त हर्बल हुक्का उपलब्ध कराने की सोमवार को अनुमति दे दी। याचिकाकर्ता की दलील थी कि संशोधित कानून के प्रावधान इस उत्पाद पर लागू नहीं किए जा सकते।

न्यायमूर्ति रंजीत मोरे और न्यायमूर्ति भारती डांगरे की एक खंड पीठ रेस्तरां मालिक अली रेजा अब्दी की याचिका पर सुनवाई को राजी हुई जिसमें उसने मांग की कि अदालत फैसला दे कि सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद कानून (सीओटीपीए) 2003 के प्रावधान तंबाकू मुक्त हुक्का पर लागू नहीं होते।

अब्दी ने अपनी याचिका में मांग की कि अगर वह अपने रेस्तरां ‘‘शीशा स्काइलॉन्ज’’ में हर्बल हुक्का परोसना शुरू करे तो अधिकारी उसके खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई न करें। पीठ ने कहा, “उच्च न्यायालय याचिकाकर्ता को हर्बल हुक्का परोसने की अनुमति दे रहा है। अगर भविष्य में याचिकाकर्ता किसी भी तरह का तंबाकू युक्त पदार्थ उपलब्ध कराता पाया जाता है तो अधिकारी कानून के अनुरूप कार्रवाई करने को स्वतंत्र हैं।”

गौरतलब है कि मुंबई के कमला मिल्स परिसर में छत पर चलने वाले दो रेस्तरां में आग लगने की घटना के बाद राज्य सरकार ने सीओटीपीए में संशोधन कर कहीं भी हुक्का बार चलाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया था।