Published On : Tue, Jun 22nd, 2021

गोंदिया: सोने की चेन देखकर नहीं डोला ईमान , चेन वापस कर ईमानदारी की मिसाल कायम की

रेलवे पुलिस ने चेन मालिक को थाने में बुलाकर , चेन वापस कर दी

गोंदिया: सफर के दौरान ट्रेन में किसी की खोई हुई सोने की चेन अगर उसे वापस मिल जाए तो उसके खुशी का ठिकाना नहीं रहेगा।

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भारतीय सेना में पदस्थ गोंदिया जिले के आमगांव निवासी जवान को उनके 11 ग्राम सोने की चेन (कीमत 60,000 ) वापस मिल गई है ।
हालांकि रेलवे सुरक्षा बल पुलिस को उनका पता खोजने में काफी मशक्कत करनी पड़ी।

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जिस की चेन गिरी थी उस परिवार को तो बिल्कुल भी उम्मीद नहीं थी कि उन्हें चैन वापस मिलेगी लेकिन जब उनके पास RPF थाने से फोन आया कि उनकी चेन मिल गई है तो उन्हें एक बात तो यकीन ही नहीं हुआ , पुलिस ने जब खोई चेन के बारे में सारी डिटेल पूछी तो उन्हें यकीन हुआ ओर उन्होंने राहत की सांस लेते कहा कि- गोंदिया रेलवे पुलिस ने बहुत ही सराहनीय कार्य किया है इस तरह चेन मालिक को थाने में बुलाकर चेन वापस कर दी गई ।

इस घटनाक्रम से एक बात साफ होती है कि आज भी ऐसे पुलिसकर्मी है जिनका ईमान नहीं डोलता।

हम आपको पूरा मामला समझाते है…?
हुआ यूं कि, गोंदिया रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नं. 5 पर विदर्भ एक्सप्रेस के आगमन पर एसी कोच से उतरे एक मुसाफिर ने निगरानी में तैनात गोंदिया आरपीएफ को जानकारी देते बताया कि, AC कोच के सीट नं. 34-35 के पास एक पीले रंग की धातू (गले की चैन) गिरी पड़ी हुई है।
सूचना के आधार पर रेसुब पोस्ट गोंदिया के प्रभारी निरीक्षक नंदबहादूर के नेतृत्व में प्रधान आरक्षक एन.ई. नगराले, एस.के. नेवारे, पी. दलाई, आरक्षक नासिर खान की टीम उक्त कोच पर पहुंची जहां पीले रंग की धातू गिरी पड़ी हुई थी।

बरामद चैन के संदर्भ में अन्य यात्रियों से पूछताछ की गई लेकिन उक्त चेन किसी की भी नहीं थी लिहाजा पीले धातू की चेन स्वर्ण जैसी प्रतित होने पर तुरंत विशेषज्ञ (सुनार) के पास भेजकर जांच करवायी गई तो उक्त चेन सोने की पायी गई जिसका वजन कुल 11 ग्राम और कीमत 60 हजार आंकी गई।

चूंकि चेन के चोरी होने अथवा गुमशुदगी जैसी किसी भी प्रकार की शिकायत रेलवे में दर्ज न होने पर गोंदिया आरपीएफ द्वारा उक्त कोच में यात्रा कर रहे सभी यात्रियों का टिकिट चार्ट के अनुसार गहन अध्ययन किया गया और आखिरकार चेन के असल मालक से संपर्क करने में सफलता मिली।
उक्त चेन आमगांव निवासी नरेंद्र ठाकरे की बतायी जाती है जो भारतीय सेना में पदस्थ है, उन्हें आरपीएफ थाना बुलाकर सभी आवश्यक दस्तावेजों की जांच की गई तत्पश्‍चात गवाहों के समक्ष लिखित रूप से उनकी गुम हुई सोने की चेन सुरक्षित सुपुर्द कर दी गई।

इस प्रकार अपनी गायब चेन को पाकर सेना का जवान खुशी से गदगद हो गया और आरपीएफ की ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा की सराहना करने हुए उनके प्रति आभार व्यक्त किया।

विशेष उल्लेखनीय है कि मंडल सुरक्षा आयुक्त आरपीएफ नागपुर श्री पंकज चुघ तथा सहायक सुरक्षा आयुक्त श्री एस . डी . देशपांडे के मार्गदर्शन में गोंदिया रेलवे स्टेशन व प्लेटफार्म परिसर में संदिग्ध व अपराधिक गतिविधियों के साथ-साथ यात्रियों के कीमती सामानों की सुरक्षा के लिए निरंतर विशेष निगरानी रखी जा रही है।

रवि आर्य

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