Published On : Wed, Mar 18th, 2020

गोंदियाः मजदूर से रिश्‍वत लेते भ्रष्ट बाबू पकड़ाया

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नगर परिषद के टैक्स विभाग में एसीबी की दबिश

गोंदिया: गोंदिया में सरकारी दफ्तर रिश्‍वतखोरी का बड़ा अड्डा बने हुए है, इनमें भी सबसे ज्यादा घूसखोरी गोंदिया नगर परिषद के ऑफिसों में होती है। यहां काम करवाने के लिए रिश्‍वत देने का अनुभव बहुत से लोगों को होगा, यहां हर छोटे से छोटे काम के लिए जेब गरम करनी पड़ती है।

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व्यापक रूप से फैले इस भ्रष्टाचार का सामना एक देहाड़ी मजदूर को भी करना पड़ा, लिहाजा इसके खिलाफ उसने भ्रष्टाचार प्रतिबंधक विभाग कार्यालय में जाकर शिकायत दर्ज करा दी। फिर क्या था, एसीबी टीम ने गोंदिया नगर परिषद के टैक्स विभाग में आज बुधवार १८ मार्च के दोपहर दबिश देते हुए वहां बैठे भ्र्रष्ट कनिष्ठ लिपिक शरद बोरकर को २०० रूपये की रिश्‍वत स्वीकारते रंगेहाथों धरदबोचा।

वाक्या कुछ यूं है कि, शिकायतकर्ता यह मजदूरी का काम करता है तथा नगर परिषद गोंदिया की सरहद में आने वाले छोटा गोंदिया इलाके में उसके पिता स्व. जैपाल ढबाले के नाम पर १९५० चौ. फीट का पैतृक प्लाट जमीन है जिसका मालमत्ता क्र. ७/३०७ है, उक्त प्लॉट का ९.३ बॉय ७० चौ. फुट के अनुसार ३ हिस्सों में बटवारा किया गया है, इसमें तीसरा हिस्सा ९.३० बॉय ७० का यह खाली प्लॉट है,इस प्लाट पर शिकायतकर्ता की मां सागनबाई, २ भाई गजानन व रामदास, बहिन सौ. लता टांगले तथा स्व. कविता चौधरी के बेटा देवेंद्र चौधरी सहित फिर्यादी का नाम वारसन अनुसार दर्ज करवाने के लिए गोंदिया नगर परिषद में आवेदन किया था, तद्हेतु नगर परिषद के टैक्स विभाग में कनिष्ठ लिपिक पद पर कार्यरित शरद बोरकर ने नाम चढ़ाने के लिए २०० रूपये रिश्‍वत की मांग फिर्यादी से कर दी।

शिकायतकर्ता यह चढ़ावे की रक्कम देने का इच्छुक नहीं था लिहाजा उसने १७ मार्च को भ्रष्टाचार प्रतिबंधक विभाग गोंदिया के दफ्तर पहुंच शिकायत दर्ज करायी।

प्राप्त शिकायत पर एसीबी विभाग अधिकारियों ने जांच पश्‍चात १८ मार्च को जाल बिछाया और सफल कार्रवाई करते हुए कनिष्ठ लिपिक शरद बोरकर इसे अपने ही दफ्तर में वारसन अनुसार रिकार्ड में नाम चढ़ाने के लिए २०० रूपये की रिश्‍वत लेते पंच गवाहों के समक्ष रंगेहाथों गिरफ्तार किया गया। इस संदर्भ में अब घूसखोर कनिष्ठ लिपिक के खिलाफ गोंदिया शहर थाने में भ्रष्टाचार प्रतिबंधक कानून १९८८ (सुधारित अधिनियम २०१८) की धारा ७ के तहत मामला पंजीबद्ध कर लिया गया है।

उक्त कार्रवाई पुलिस अधीक्षक रश्मी नांदेडकर, अप्पर पुलिस अधीक्षक राजेश दुद्दलवार (एसीबी नागपुर) के मार्गदर्शन में पुलिस उपअधीक्षक रमाकांत कोकाटे, सहायक उपनि. शिवशंकर तुंबडे, विजय खोब्रागड़े, पो.ह. प्रदीप तुलसकर, राजेश शेंद्रे, नापोसि दिंगबर जाधव, नितिन रहांगडाले, राजेंद्र बिसेन, मनापोसि वंदना बिसेन, गीता खोब्रागड़े, चालक नापोसि देवानंद मारबते आदि ने की।

रवि आर्य

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