
File Pic
नागपुर : मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने तीन साल के भीतर राज्य की सभी दिव्यांगों सक्षमीकरण की बात कही है। नागपुर में दिव्यांगों को कृतिम अंगों के वितरण कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने ऐलान किया कि तीन वर्ष के भीतर राज्य के सभी दिव्यांगों तक सरकार खुद पहुँचेगी और उन्हें आवश्यकता अनुसार कृतिम अंगो और सामग्री उन तक पहुँचाएगी। मुख्यमंत्री ने कहाँ कि दिव्यांग किसी अंग से अपाहिज हो सकते है, पर उनका मनोबज और जज़्बा किसी सामान्य व्यक्ति की ही तरह होता है। दिव्यांगों में खास प्रतिभाएं होती है जिसे निखारने के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सुगम्य भारत अभियान शुरू किया है। राज्य सरकार इस योजना में अपनी अहम भागेदारी निभाएगी। राज्य के सामाजिक न्याय विभाग के मार्फ़त राज्य भर में दिव्यांगों को खोजा जायेगा और उन्हें सरकार कृतिम अंग मुहैय्या कराएगी।
नागपुर में भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर, सामाजिक न्याय विभाग और जिला अपंग पुनर्वसन केंद्र के माध्यम से अस्थीव्यंग दिव्यांग व्यक्तियों के लिए निशुल्क कृतिम अंग और साहित्य वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। 14 से 25 ऑक्टूबर तक चलने वाले इस शिविर के माध्यम से जिले के तीन हजार व्यक्तियों को मुफ्त में कृतिम अंग और साहित्य का वितरण किया जायेगा। गुरुवार को मुख्यमंत्री ने इस शिविर का यशवंत स्टेडियम में उद्घाघाटन किया। भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति देश भर में विकलांगो के सक्षमीकरण का काम करती है। समिति डॉ बाबासाहब आंबेडकर जीवन में खास स्थान रखने वाली पांच जगहों का चुनाव कर वहाँ शिविर लगाने की योजना बनाई है। इसी के अन्तर्गत नागपुर में भी यह शिविर लगाया गया। मुख्यमंत्री ने समिति के सेवाभाव की प्रशंशा करते हुए उनके माध्यम से राज्य भर में दिव्यांगों के लिए इसी तरह काम करने की बात कही।
उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री ने दिव्यांगों को कृतिम अंगों और सामग्री का वितरण भी किया।

