Published On : Fri, Jul 13th, 2018

मुख्य सचिव मारपीट मामला: HC ने कहा- समितियों के सामने पेश हों अधिकारी

दिल्ली के मुख्य सचिव अंशु प्रकाश से मारपीट के मामले में हाईकोर्ट ने कहा है कि अगर मुख्य सचिव विधानसभा की समितियों के सामने पेश नहीं होते हैं तो वो अवमानना कार्रवाई का सामना कर सकते हैं.

हाईकोर्ट ने दिल्ली विधानसभा समिति से मुख्य सचिव की याचिका विचाराधीन रहने तक उनके खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं करने का भी निर्देश दिया है. कोर्ट ने दिल्ली सरकार के तीन अधिकारियों अंशु प्रकाश, जे वी सिंह और शूरवीर सिंह के संबंध में यह टिप्पणी की है.

दिल्ली सरकार ने दिल्ली हाइकोर्ट में सुनवाई के दौरान कहा कि आज भी ब्यूरोक्रेट्स के रवैया में कोई बदलाव नही आया है. हाईकोर्ट ने कहा अधिकारी अब भी सरकार को सहयोग नहीं कर रहे हैं. सरकार फंड से लेकर डाटा रिपोर्ट तक की कोई भी जानकारी अधिकारियों से मांगती है तो वो यह कहकर कुछ भी बताने से इनकार कर देते है कि ये सर्विस रूल्स के मुताबिक काम कर रहे हैं.

हाईकोर्ट ने सरकार से यह भी पूछा कि क्या आपकी समस्या सिर्फ यही है कि आपको अधिकारियों से पूछे सवाल का जवाब नहीं मिल रहा है? इस पर दिल्ली सरकार के प्रतिनिधि ने कहा कि हां, हमें जवाब नहीं मिलता है.

दिल्ली के मुख्य सचिव अंशु प्रकाश ने आरोप लगाया था कि सीएम आवास में मारपीट के दौरान उनके साथ आप के विधायकों ने बदतमीजी और हाथापाई की. मुख्य सचिव के मेडिकल रिपोर्ट में भी उनके साथ मारपीट की पुष्टि हुई थी.