Published On : Wed, Aug 3rd, 2016

पृथक विदर्भ के मुद्दे पर शहर में घमासान, समर्थक-विरोधकों के बीच छिड़ी शाब्दिक और तर्क की लड़ाई

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किसी सूरत में नहीं होगा राज्य का विभाजन – शिवसेना

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नागपुर:
पृथक विदर्भ राज्य को लेकर मचा घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा है। मुंबई की ही तरह उपराजधानी नागपुर में भी यह पृथक विदर्भ का मुद्दा छाया हुआ है। स्थानीय कांग्रेसी नेताओं द्वारा संयुक्त महाराष्ट्र के प्रस्ताव का विरोध किये जाने के बाद शहर में शिवसेना ने भी अखंड महाराष्ट्र के नारे को बुलंद किया है। शिवसेना जिला अध्यक्ष सतीश हरड़े ने विदर्भ राज्य की मांग का विरोध करते हुए। पूर्व केंद्रीय मंत्री विलास मुत्तेमवार द्वारा उठाई जा रही राज्य की मांग का विरोध किया। मंगलवार को विलास मुत्तेमवार द्वारा शिवसेना के लिए किये गए शब्द प्रयोग पर भी शिवसेना ने आपत्ति जताई है। हरड़े ने कांग्रेसी नेताओं द्वारा विदर्भ राज्य की मांग को राजनितिक नाटक करार दिया है। शिवसेना जिला अध्यक्ष के मुताबिक विदर्भ से पूरी तरह साफ हो चुकी कांग्रेस के नेताओं के पास अब कोई मुद्दा बचा नहीं इसलिए ऐसी मांग की जा रही है। अगर इन नेताओं को विदर्भ से इतना ही लगाव था तो जब पार्टी की सत्ता थी तब क्यूँ नहीं विदर्भ बनाने की पहल की गई। विदर्भ महाराष्ट्र का हिस्सा है और रहेगा। राज्य का बटवारा किसी भी सूरत में नहीं किया जा सकता।

पृथक राज्य ही हो सकता है विकास का आधार – मधुकरराव किंमतकर
एक ओर शिवसेना नागपुर में संयुक्त महाराष्ट्र की आवाज को बुलंद कर रही है। तो दूसरी ओर विदर्भ के मुद्दे अभ्यासक पूर्व मंत्री और वरिष्ठ कांग्रेसी नेता मधुकरराव किंमतकर ने विलास मुत्तेमवार की मांग को जायज़ ठहराया है। उनका कहना है कि विदर्भ का बैकलॉग आगामी 25 वर्षो में भी पूरा नहीं किया जा सकता। सिर्फ सिंचन का बैकलॉग 60% तक पहुँच गया है। विदर्भ की इस स्थिति के लिए पश्चिम महाराष्ट्र नेता जिम्मेदार है। राजनितिक साजिश के तहत विदर्भ के हिस्से के पैसे नेता अपने इलाके में ले गए। अब सिर्फ विदर्भ राज्य ही विकास के लिए अंतिम पर्याय बचा है। किंमतकर ने राज्यपाल द्वारा विदर्भ को आवंटित किये जाने वाले फंड के फार्मूले को गलत ठहराते हुए इसे बदलने की मांग की। जनसंख्या और फसल उत्पादन क्षेत्र को आधार बनाकर फंड दिए जाने का फार्मूला गलत है। मूलतः कांग्रेस से जुड़े किंमतकर ने पार्टी हाई कमान से विदर्भ के लिए अलग कार्यकारीणी बनाने की भी मांग की।

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