Published On : Wed, Dec 18th, 2019

नागरिकता कानून मेरी जाती के विरुद्ध : जितेंद्र आव्हाड

नागपुर– केंद्र सरकार द्वारा नागरिकता कानून को लेकर कई राज्यों में प्रदर्शन जारी है। नागपुर विधानसभा शीतसत्र के तीसरे दिन बुधवार 18 दिसंबर को नागरिकता कानून को लेकर विधायक जितेंद्र आव्हाड ने कहा कि सदन में अशोक चव्हाण ने नागरिकता कानून का विरोध किया और राज्य में इसे लागू नहीं करने की मांग की है। उन्होंने बताया कि वे खुद वंजारी समुदाय से आते है। जो गन्ना तोड़ने के लिए कई मीलो दूर जाता है।

खेत मे रहता है, उसके बच्चे भी वही रहते है। वे गरीब है। वे कहां से नागरिकता का प्रमाण देंगे। दूरदराज में रहनेवाले कैसे प्रमाण देंगे। उन्होंने कहा की भारत में उनकी जाति जैसी करीब 6 हजार जातियां है। जिनके पास प्रमाण नहीं है। जिसके कारण यह लड़ाई गरीब और अमीर ऐसी हो गई है।

यह लड़ाई मालाबार हिल्स में रहनेवाले लोगों और गडचिरोली में रहनेवाले लोगों जैसी है। उन्होंने कहा की नागरिकता कानून का पूर्वोत्तर राज्यों में हो रहे विरोध का स्वर अब अन्य राज्यों में भी दिखाई दे रहा है। इसमें विद्यार्थियों का बड़ा सहभाग है।

दिल्ली की जामिया मिलिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी में कैंटीन, लाइब्रेरी में घुसकर विद्यार्थियों की पिटाई की थी। उसके विरोध में कई शहरो में प्रदर्शन किए गए।यह कानून केवल मुस्लिमो के लिए नही है। हमे बाबासाहेब के संविधान ने नागरिकता दी है। हम किसी को भी अपनी नागरिकता सिद्ध नही करेंगे। इससे सबसे ज्यादा गरीब परेशान होंगे।