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    Published On : Wed, Sep 2nd, 2020
    nagpurhindinews | By Nagpur Today Nagpur News

    Chinese Mobile : न तो लोगों ने उपयोग करना छोड़ा , और नाही टीवी चैनेलो ने ऐड करना

    नागपुर- चीन के साथ पिछले दिनों हुई मुठभेड़ में हमारे 20 के करीब जवान शहीद हो गए थे. जिसके बाद पुरे देश में चीनी वस्तुओ के बहिष्कार की मांगे उठने लगी थी. भारत सरकार की ओर से भी 59 चाइनीज एप्लीकेशन पर पाबंदी लगा दी गई थी. भारत में सबसे ज्यादा पॉपुलर टिकटॉक पर भी पाबंदी लगा दी गई थी. देश के विभिन्न शहरों में नागरिकों की ओर से और राजनैतिक पार्टियों की ओर से भी चीन को लेकर धरना प्रदर्शन और आंदोलन किए गए थे. इन सबके बावजूद ऐसा लगता है जैसे कुछ चीन की वस्तुएं ऐसी है, जिनके बिना भारत के लोग रह नहीं सकते है और वो है मोबाइल फ़ोन. ओप्पो (Oppo ), वीवो (Vivo ) झिओमी ( Xiaomi), वनप्लस (OnePlus) रियलमी (Realmi ) मोटोरोला (Motorola ) हुआवे ( Huawei) फ़ोन भारत में काफी ज्यादा पसंद किए जाते है.

    हालांकि, आपको बता दें कि एक समय चीनी ब्रांड होने के नाते मजाक का कारण बनने वाले यह उत्पाद आज भारतीय बाजार पर कब्जा कर चुके हैं. इनमें भी इलेक्ट्रॉनिक सेगमेंट में तो हालात कुछ ज्यादा ही खराब हैं. भारतीय स्मार्टफोन मार्केट में तो चीनी कंपनियों का दबदबा है. देश में 50 करोड़ से ज्यादा स्मार्टफोन यूजर्स हैं और आपको जानकर हैरानी होगी कि इनमें बड़ी संख्या में यूजर्स चीनी स्मार्टफोन कंपनियों जैसे Xiaomi, Redmi, Oppo, vivo, OnePlus के स्मार्टफोन्स यूज कर रहे हैं. देश में सबसे ज्यादा बिकने वाले स्मार्टफोन ब्रांड्स में सबसे आगे चीनी कंपनियां ही हैं। फिर चाहे वो Xiaomi, Vivo, Oppo या फिर OnePlus हो। इन स्मार्टफोन्स को खरीदने वालों की संख्या कहीं ज्यादा है.

    बड़े बड़े टीवी चैनेलो में चाइनीज मोबाइल फ़ोन के विज्ञापन
    इधर कुछ तथाकथित देशभक्त लोग चीन का विरोध भी करते है और चायनीज मोबाइल का उपयोग भी करते है. कई बड़े न्यूज़ चैनल जो चायनीज मोबाइल का विज्ञापन भी करते है और देशभक्ति की दुहाई भी देते है. भले ही चीन के साथ हुई मुठभेड़ में हमारे सैनिक शहीद हुए है, लेकिन देश के नागरिकों ने न तो चायनीज मोबाइल खरीदना छोड़ा और नाही किसी दुकानदार ने उसे बेचना छोड़ा है. इसके साथ ही न्यूज़ चैनेलो ने भी अपने फायदे की सोचते हुए चायनीज मोबाइल कंपनियों के विज्ञापन करना नहीं छोड़ा है. यह सच्चाई है. शहर के भी समाचारपत्रों में कई चायनीज कंपनियों के मोबाइल के विज्ञापन दिए जाते है.

    कुछ चायनीज मोबाइल कंपनिया है:

    Xiaomi

    इस लिस्ट में शाओमी का नाम सबसे ऊपर आता है. भारत में यह अपने प्रोडक्ट्स अलग-अलग ब्राड्स का साथ बेच रही है. Xiaomi भारत में अपने सारे स्मार्टफोन Redmi और Mi के नाम से बेचती है. इसके अलावा Poco के नाम से भी स्मार्टफोन बेच रही है.

    Vivo

    ये भी एक चायनीज स्मार्टपोन कंपनी ही है जिसके फोन काफी ज्यादा पसंद किए जाते हैं. BBK Electronics के मालिकाना हक वाली कंपनी भारत के अलावा अन्य देशों में भी स्मार्टफोन बेचती है.

    Oppo

    Oppo mobile भी चीनी कंपनी है और भारत में अपने मुख्य और सब ब्रांड के नाम से स्मार्टफोन बेचती है. कंपनी भारतीय इंडियन क्रिकेट टीम की स्पॉन्सर भी है.

    Realme

    यह शेनझन की एक स्मार्टफोन कंपनी है. इसने 2018 में भारतीय बाजार में कदम रखा था और दो साल में ही कई बड़े ब्राड्स को कड़ी टक्कर दे रही है. कंपनी ने कई मशहूर फोन लॉन्च किए हैं और Redmi को कड़ी टक्कर देती है.

    OnePlus

    यह भी चीनी स्मार्टफोन कंपनी है और इसने भारतीय बाजार में प्रीमियम सेगमेंट में पैर जमा रखे हैं. कंपनी Apple को टक्कर देती है और इसके स्मार्टफोन्स की भी खूब मांग रहती है.

    Motorola (Lenovo)

    इन सब के बीच Motorla एक ऐसी कंपनी है जो चीनी स्मार्टफोन बनाती है. यह Lenovo के मालिकाना हक वाली कंपनी है और भारतीय बाजार में मोटोराला ब्रांड को काफी पसंद किया जाता है.

    Huawei

    हुवावे भी भारतीय बाजार में मौजूद है हालांकि, इसके स्मार्टफोन रेडमी या रियलमी की तरह तहलका नहीं मचाते लेकिन इसके बावजूद Huawei के फोन लोग पसंद करते हैं. इन सब के अलावा जियोनी, टेक्नो मोबाइल, मीजू और कूलपैड जैसे और भी कई चायनीज ब्रांड्स हैं जो भारत में मौजूद हैं.

    ये हैं भारतीय ब्रांड्स

    जहां तक किसी भारतीय स्मार्टफोन कंपनी की बात है तो Micromax, Lava, Reliance LYF, Karbonnn, iBall जैसी कंपनियां हैं जो इन चायनीज कंपनियों के सामने टिक नहीं पाती. इसका कारण कम बजट में बेहतर स्पेसिफिकेशंस वाले फोन पेश करना है और भारतीय कंपनियां इस मामले में पीछे रह जाती हैं.

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