Published On : Tue, Mar 10th, 2015

वरुड़ : पत्नी, 2 बेटियों की हत्या कर खाई में फेंकी कार


एमपी-वरुड़ सीमा पर हत्याकांड

अभियंता ने भी किया आत्महत्या का प्रयास

Warud Murdar
वरुड़ (अमरावती)। मध्यप्रदेश की सीमा पर प्रभात पट्टन के घाट में छत्तरपुर के नैशनल थर्मल पावर कापोरेशन के अभियंता ने पत्नी समेत 2 बेटियों को वैगनआर कार में जिंदा जलाकर कार घाट में फेक दी. 200 फीट निचे फेकी गई कार से पकड़े जाने के डर से अभियंता ने स्वंय को ग्रामीण पुलिस की अपराध शाखा के हवाले किया. मृतक शिल्पा प्रवीण मनवर (32), बड़ी बेटे शर्वरी (10) तथा परिनीती (2) है. आरोपी प्रवीण ज्ञानेश्वर मनवर (38) मुलताई पुलिस की गिरफ्त में है. प्रवीण मुलताह वाशिम जिले के कारजा लाड निवासी है. उसकी ससुराल अमरावती के शाम नगर की है. वह मध्यप्रदेश के छत्तरपुर में नैशनल थर्मल पॉवर कापोरेशन में अभियंता पद पर कार्यरत है. 28 फरवरी को वह परिवार के साथ वैगनआर कार (सीजी 07 एम 4429) से अपनी ससुराल शाम नगर में आया था. यहां से 3 मार्च की रात वापस परिवार के साथ छत्तरपुर जाने के लिए निकाला.

200 फीट गहरी खाई में फेकी कार
परिवार की सामुहिक हत्या करने के फिराक में वह कार को वरुड़ से पांढुर्णा ले गया. यहां से मुलताई और वहां से फिर वरुड़ आते समय प्रभात पट्टन केे पास मप्र सीमा पर मुलताई घाट पर कार रोक दी. घाट क्षेत्र में पूरे परिवार की हत्या की मनशा से उसने एसी कार में पेट्रोल डाल दिया, और कार के गेट पूरी तरह बंद कर दिये. जहरीली हवा से सभी के दम घुटने लगे. जिससे दोनों बेटी व पत्नी बेहोश हो गई, लेकिन उनकी मौत ना होने से उसके किये कराये पर पानी फिर गया. उसने पहाडीवाले बाबा मंदिर के पास से कार को कच्चे रास्ते से गहरी खाई की ओर ले गया. यहां एक पेड़ के सहारे कार को खड़ा कर पेट्रोल छीडकर दिया. कार को आग लगाकर बेहोशी की अवस्था में पूरे परिवार को जिंदा जला दिया. सबूत मिटाने के दृष्टिकोन से कार को घाट में थकेल दिया.

मृतक शर्वरी, परिनीती, आरोपी प्रवीण मनवर

मृतक शर्वरी, परिनीती, आरोपी प्रवीण मनवर


आत्महत्या का किया प्रयास

रात 1 बजे इस घटना को अंजाम देने के बाद उसने भी आत्महत्या का प्रयास किया, किंतु वह स्वंय हिम्मत नहीं जुटा पाया. आखिरकार वहां से अमरावती की ओर निकल आया. उसने अपना मोबाइल भी बंद कर दिया. तीन हत्याओं को अंजाम दिये जाने के बाद पकड़े जाने के डर से प्रवीण ने ग्रामीण पुलिस की अपराध शाखा में आत्मसमर्पण किया. उसके व्दारा बताई गई जानकारी से पहले पुलिस को भी यकीन नहीं हुआ, पुलिस उसे अपने साथ घटनास्थल ले गयी. यहां प्रभात पट्टन के घाट में उतरने के बाद उन्हें वैगनआर कार दिखाई दी. जिसमें तीनों की लाशे पूरी तरह कोयला बनकर राख हो गई थी. सूचना पर शेदुरजना घाट, वरुड व मुलताई पुलिस घटनास्थल पहुंची. मुलताई थानेदार सिन्हा व एपीआय खान ने घटनास्थल का पंचनामा किया. घटनास्थल मुलताई में आने से एलसीबी ने आरोपी प्रवीण मनवर को उनके हवाले किया.

एड्सग्रस्त होने से थे परेशान
आरोपी प्रवीण मनवर ने पुलिस को बयान में कहा कि उनका खुशहाल परिवार था. उसे महिने की 90 हजार रुपए वेतन मिलता था, लेकिन कुछ वर्ष पहले उन्हें पता चला कि पूरा परिवार एड्सग्रस्त है. इस बारे में सोचकर वह परेशान हो गये थे. जिन्होंने सामुहिक रुप से आत्महत्या करने का निर्णय लिया. पत्नी व बेटियों के साथ वह भी कार में आत्महत्या की तैयारी में था, किंतु जहरीली वायु से छोटी बेटी को तड़पता देख उसे बचाने के प्रयास में बाहर निकाला, लेकिन वह बच नहीं पायी. इसके बाद कई बार उसने आत्महत्या का प्रयास किया, लेकिन विफल रहा. पुलिस सभी दिशाओं में जांच कर रही है.