Published On : Wed, Aug 9th, 2017

विहिप करेगा अधिकृत गोरक्षकों की नियुक्ति, दिए जाएंगे आय कार्ड

Praveen Togadia

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नागपुर:
 गौरक्षा के नाम पर तथाकथित गोरक्षकों का उत्पात बढ़ गया है। ख़ास तौर से केंद्र में बीजेपी सरकार आने के बाद गौरक्षा के नाम पर होने वाली हिंसा में भारी बढ़ोत्री हुई है। गौरक्षा का ज़िक्र होते ही विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल का नाम आता है लेकिन बीते दिनों सामने आये मारपीट के मामलों से विहिप ने ख़ुद को अलग़ किया है। हिंसा मामलों में ख़ुद का नाम सामने आने की गंभीर बात को ध्यान रखते हुए विहिप ने अब अधिकृत गौरक्षकों की नियुक्ति करने योजना बनाई है। इस योजना अंतर्गत बाकायदा विहिप और बजरंग दल द्वारा नियुक्त गौरक्षक को पहचान पत्र दिया जायेगा।

विहिप अपनी इस योजना देश भर में लागू करने की तैयारी में है लेकिन इसकी शुरुवात जन्मास्टमी से नागपुर में करने का फ़ैसला लिया गया है। पहले एक महीने नागपुर में मॉडल तौर पर इसे लागू किया जायेगा भविष्य में इसे देश भर में लागू किया जायेगा। विहिप के प्रांत उपाध्यक्ष हेमंत जांभेकर ने इस योजना की जानकारी देते हुए बताया की देश भर में तथाकथित गौरक्षकों की हिंसात्मक कार्रवाई की वजह से विहिप की छवि को नुकसान पहुँच रहा है। ऐसे किसी भी मामले में हमारे संगठन का हाँथ नहीं है चूँकि हम लंबे वक्त से गौरक्षा के काम से जुड़े हुए है इसलिए ऐसी घटनाओं के साथ हमारा नाम जोड़ दिया जाता है। विहिप या बजरंग दल अपनी कार्रवाई दौरान क़ानून हाँथ में नहीं लेता है पुलिस की मदत लेकर ही हम गौसेवा का काम कर रहे है। ऐसी ही घटनाओं को देखते हुए हमें अधिकृत गोरक्षकों की नियुक्ति का विचार सूझा इस मसले पर संगठन के पदाधिकारियों ने चर्चा कर एक योजना बनाई है जिसे जल्द ही लागू किया जायेगा।

ग़ौरतलब हो की गौरक्षा नाम पर हिंसा ने सरकार को भी कई बार मुश्किल हालातों में डाल दिया। विपक्ष राजनीतिक शह पर ऐसी घटनाओं को अंजाम दिए जाने का आरोप लगाता रहा है। भारी दबाव को देखते हुए ख़ुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गौरक्षा नाम पर गुंडई करने वालों को आड़े हाँथो लिया। विहिप नागपुर में जिन लोगों को बतौर गौरक्षक नियुक्त करेगा उनकी जानकारी संबंधित पुलिस थाने को भी दी जाएगी।