Published On : Sat, Dec 29th, 2018

संघ के मंच से कैलाश सत्यार्थी द्वारा की माँग, सरकार ने मानी पोक्सो एक्ट में संसोधन, मृत्यु दंड का प्रावधान

नागपुर: केंद्र सरकार ने बच्चों के यौन शोषण के मामले में कानून को और कड़ा करते हुए पोक्सो एक्ट में संसोधन किया है। जो संशोधन किये गए उनकी माँग लंबे समय से,बच्चों के खिलाफ होने वाले अपराधों के लिए काम करने वाले सामाजिक कार्यकर्त्ता कर रहे थे। कैलाश सत्यार्थी बचपन बचाओं आंदोलन के प्रमुख है और वह लंबे समय से बाल अधिकार के संरक्षण के लिए काम कर रहे है। सत्यार्थी ने बाल अपराधों के ख़िलाफ़ क़ानूनी प्रावधानों को कड़ा करने की माँग संघ के मंच से भी की थी। पोक्सो एक्ट में जो संसोधन किये गए है उनकी माँग सत्यार्थी ने विजयदशमी के अवसर पर संघ के मंच से भी की थी। इस वर्ष संघ के विजयादशमी उत्सव में नोबल पुरस्कार विजेता और बच्चों के अधिकारों के लिए काम करने वाले कैलाश सत्यार्थी को आमंत्रित किया गया था। इस दौरान उन्होंने संघ के बच्चों के संरक्षण के लिए आगे आने की माँग की थी। बाल अपराधों से जुड़े कारणों को प्रमुखता से उठाते हुए सत्यार्थी ने बच्चों के शारीरिक शोषण के साथ यौन शोषण का मामला उठाते हुए इस पर कड़े क़ानूनी प्रावधान और कड़ी सजा का प्रावधान करने की माँग उठाई थी। उन्होंने अपने भाषण में जबरन देह व्यवसाय में ढकेली जा रही बच्चियों की वेदना और उनके हार्मोन को विकसित करने के लिए जबरन रासायनिक इंजेक्शन लगाने की जानकारी भी दी थी। अगर कैबिनेट के क़ानूनी संसोधन को देखे तो उससे संघ के मंच से सत्यार्थी द्वारा उठाई गई माँगे सरकार द्वारा माने जाने की बात स्पस्ट तौर पर दिखाई देती है।

अपने इसी भाषण में सत्यार्थी ने चाईल्ड पोर्नोग्राफी का भी मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहाँ था कि बच्चों के साथ होने वाले यौन अपराध में चाईल्ड पोर्नोग्राफी का बड़ा हाँथ है। इस पर रोक लगाने के अंतर्राष्ट्रीय क़ानून बनाया जाए। इस माँग को गंभीरता से लेते हुए सरकार ने वर्ष 2012 के पोक्सो एक्ट की धारा 14 और 15 में संशोधन करते हुए न केलव चाईल्ड पोर्नोग्राफी के खिलाफ कड़े नियम किये है बल्कि सामग्री को डिलीट नहीं करने या इसके प्रचार प्रसार पर जुर्माने और जेल की सजा का प्रावधान किया गया है।


पोक्सो एक्ट में संशोधन
बच्चों के साथ नृशंस यौन शोषण पर मौत की सजा का प्रावधान
एक्ट की धारा 4,5 और 6 में संसोधन
रासायनिक पदार्थ खिलाकर हार्मोन विकसित करना गंभीर अपराध
चाईल्ड पोर्नोग्राफी पर रोक
एक्ट की धारा 14 और 15 में संशोधन