Published On : Wed, Oct 24th, 2018

महंगाई और सरकार के झूठे वादों के ख़िलाफ भारिप बहुजन महासंघ ने किया आंदोलन

नागपुर: भारिप बहुजन महासंघ की तरफ से प्रदेश महासचिव सागर डबरासे के मार्गदर्शन और रवि शेंडे के नेतृत्व में नागपुर के संवीधान चौक पर महंगाई के खिलाफ भव्य धरना आंदोलन किया गया. जिसके जरिए प्रधानमंत्री और राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को नागपुर के निवासी कलेक्टर मार्फ़त निवेदन भी दिया गया.

इस अवसर पर जनता को संबाधित करते हुए प्रदेश के महासचिव सागर डबरासे ने कहा कि नरेंद्र मोदी के सत्ता में आने के पहले जनता को लोकलुभावन वादे किया करते थे, जिसमें वे बोलते थे कि भाजपा की सरकार आने पर हर भारतीय के खाते में 15,15 लाख रुपये डाले जाएंगे और देश के करोड़ों युवाओं को सरकारी नौकरी देकर उनकी बेरोजगारी दूर करेंगे और देश मे गरीबी दूर करने के लिए कभी भी महंगाई बढ़ने नही देंगे तथा पाकिस्तान को उसी की भाषा मे जवाब देंगे. लेकिन इसी भाजपा सरकार के कार्यकाल में सीमा पर ज्यादा सैनिक मर रहे हैं और महंगाई आसमान को छू रही है.

यही नहीं युवाओ को रोज़गार नहीं मिलने से उन पर भुखमरी की नौबत आई है. हर दिन पेट्रोल डीजल तथा रसोई के दाम बढ़ा कर जन सामान्य का जीना मुश्किल कर दिया है. मोदी सरकार कुछ ही लोगों को फ़ायदा पहुचाने के लिए कई सरकारी विभागों का निजीकरण कर प्रायवेट सेक्टर को फ़ायदा पहुँचा रही है. जीपतियों के फायदे के लिये ही बनी है,

इससे बचने के लिए सभी चुनावों में भाजपा को जीत से दूर रख कर प्रकाश अम्बेडकर के वंचित बहुजन आघाडी के उमीदवारों को संसद तथा विधानसभा में पहुंचाने की अपील की गई.

इस आंदोलन में शहर अध्यक्ष रवि शेंडे ने कहा कि भारिप की तरफ से महंगाई के खिलाफ यह आंदोलन पहला चरण है. अगर सरकार अभी भी नहीं सुधरी और महगाई कम नहीं की तो इसके आगे उग्र आन्दोलन नागपुर में किया जाएगा.

इस आंदोलन में रवि शेंडे,नितेश जंगले, राजू लोखंडे, अरुण फुलझेले, भूषण भस्मे, मिलिंद मेश्राम,विशाल वानखड़े,प्रशान्त नारनवरे,नालन्दा गनवीर, राजेश जंगले,वनमाला ऊके,संदीप नंदेश्वर, रवि वंजारी,विनोद गजभिये,गौतम पिलेव्वान, मिथुन गवई,,राखीताई रामटेके, ग्रेश भगत,अभिजीत पड़घान,ख़ालिद अब्दुल,रफ़ीक शेख़,गौतम पाटिल,हरिश नारनवरे,विनोद मोहोड़,आश्विन मेश्राम,बालू हरकंडे,निर्भय बागड़े, मिलनकुमार सहारे,आशीष हमने,ईश्वर वाघमारे,सुदर्शन मून,राजू मेश्राम के साथ साथ हजारो कार्यकर्ता मौजूद थे.