Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!

    Nagpur City No 1 eNewspaper : Nagpur Today

    | | Contact: 8407908145 |
    Published On : Sat, Feb 15th, 2020

    वीडियो: ‘ प्लास्टो ‘ PLASTO के वर्तमान संचालको ने फर्जी अकाउंट, दस्तखत कर निकाले करोडो रुपए

    कंपनी के पूर्व संस्थापक के बेटे ने लगाए आरोप

    plasto

    नागपुर: शहर की चर्चित प्लास्टिक की टंकिया और पाइप बनानेवाली कंपनी ‘ प्लास्टो ‘ PLASTO के वर्तमान संचालको के खिलाफ अंकुश मदनमोहन अग्रवाल ने ठगी और जालसाजी करने का आरोप लगाया है. उनका कहना है की ‘ प्लास्टो ‘ PLASTO कंपनी की नींव उनके पिता मदनमोहन ने रखी थी.

    इस बारे में अंकुश मदनमोहन अग्रवाल ने ‘ नागपुर टुडे ‘ से बातचीत की. अंकुश ने बताया की उनके पिता मदनमोहन अग्रवाल को 1999 में पैरालिसिस का अटैक आया था. जिसके बाद से वे घर पर ही है. इस अटैक के बाद उनके पिता को लिखना पढ़ना नहीं आता था. उन्हें लिखने पढ़ने की समझ नहीं थी. इनके पंजाब नेशनल बैंक और नागपुर नागरिक सहकारी बैंक में कुछ पुराने अकाउंट थे. कुछ नए अकाउंट फर्जी तरीके से खोले गए है.

    रमेशचंद्र अग्रवाल, उर्मिला अग्रवाल, वैभव अग्रवाल, विशाल अग्रवाल, नीलेश अग्रवाल और इनकी बेटी श्रेया नीलेश अग्रवाल के द्वारा फर्जी दस्तखत के द्वारा फर्जी डाक्यूमेंट्स लगाकर अकाउंट खोला गया.

    सिग्नेचर में बदलाव किया गया. झूठे दस्तखत ऐड किए गए. इन्होने मिलकर झूठे दस्तखत के द्वारा करोडो रुपए निकाले. अंकुश ने बताया कि उनके पिता मदनमोहन अग्रवाल की प्रॉपर्टी फर्जी तरीके से बेचीं और उसका जो पैसा आया, इनके पिता के ‘ प्लास्टो ‘ PLASTO के शेयर्स का जो पैसा आया. यह सब पैसा निकालकर इन लोगों ने अपने अकाउंट में डाला. इन दोनों बैंको में इन्होने उनके पिता के नाम पर धोखाधड़ी की है.

    अंकुश ने बताया की पंजाब नेशनल बैंक की जो पूर्व मैनेजर थी वह विशाल अग्रवाल के घर पर किराए से रहती थी. जिसके कारण वे भी इस धोखाधड़ी में शामिल रही.

    अंकुश ने बताया की बैंक से जब इस बारे में शिकायत की तो बैंक की ओर से अंकुश अग्रवाल से कहा गया की ‘ यह आपका घरेलु मामला है ‘ .

    इसे आप घर में ही सुलझाइये. अंकुश का कहना है की जब बैंक मैनेजर से उन्होंने कहा की फर्जी दस्तखत करके करोडो रुपए निकाले गए तो यह घर का मैटर कैसे रह गया. अंकुश का कहना है कि उन्होंने बैंक मैनेजर से यह भी कहा कि उर्मिला अग्रवाल, वैभव अग्रवाल, विशाल अग्रवाल, नीलेश अग्रवाल ने झूठे दस्तखत करके पैसा कैसा निकाला और जब हम आपको शिकायत कर रहे है तो आप कार्रवाई क्यों नहीं कर रहे है.

    अंकुश ने उनके पिता के साथ हुई धोखाधड़ी के लिए उर्मिला अग्रवाल, वैभव अग्रवाल, विशाल अग्रवाल, नीलेश अग्रवाल और श्रेया अग्रवाल को जिम्मेदार ठहराया है.

    इस बारे में ‘ प्लास्टो ‘ PLASTO के संचालक विशाल अग्रवाल से उनका पक्ष जानने के लिए संपर्क किया गया और उनको एसएमएस भी किया गया लेकिन उनकी तरफ से कोई भी प्रतिसाद नहीं दिया गया.

    Stay Updated : Download Our App
    Mo. 8407908145