
नागपुर टुडे – कलमना थाना क्षेत्र में 12 अगस्त को हुए दर्दनाक सड़क हादसे में दो नाबालिग छात्रों की मौत के मामले में आरोपी नाबालिग चालक के माता-पिता आनंद ईश्वरदास बेहार और सोनाली आनंद बेहार की मुश्किलें अब और बढ़ गई हैं। अदालत द्वारा अग्रिम जमानत याचिका खारिज किए जाने के बाद आज कलमना पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों के खिलाफ कलमना पुलिस थाने में दर्ज C.R. No. 739/2026 के तहत कार्रवाई की जा रही है।
मामले में Anticipatory Bail Application No. 2624 of 2026 दायर की गई थी। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ. ए.ए. जोगलेकर ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद आनंद बेहार और सोनाली बेहार की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी थी।
कोर्ट में तीनों वकीलों ने रखीं दलीलें
अग्रिम जमानत की सुनवाई के दौरान आरोपियों की ओर से एडवोकेट पी.एस. जायसवाल ने पैरवी की। राज्य सरकार की ओर से एल्डी. एपीपी एडवोकेट एल.बी. शेंदरे ने पक्ष रखा, जबकि इंटरवेनर की ओर से एडवोकेट एस.पी. सोनवने , एडवोकेट अमित ठाकुर ने अदालत के समक्ष अपनी दलीलें पेश कीं।
बचाव पक्ष की ओर से एडवोकेट प्रकाश जायसवाल ने दलील दी कि नाबालिग ने कथित तौर पर माता-पिता की अनुमति के बिना कार निकाली थी। इसलिए हादसे में माता-पिता की प्रत्यक्ष भूमिका नहीं है और उन्हें अग्रिम जमानत का लाभ दिया जाना चाहिए।
वहीं अभियोजन पक्ष और इंटरवेनर की ओर से अग्रिम जमानत का कड़ा विरोध किया गया।
हादसे के बाद CCTV और सोशल मीडिया सामग्री हटाने का आरोप
अभियोजन पक्ष ने अदालत को बताया कि हादसे के बाद बेहार परिवार के घर में लगे CCTV कैमरों की फुटेज कथित तौर पर डिलीट की गई। इसके अलावा नाबालिग के कार चलाने और कथित रैश ड्राइविंग से संबंधित सोशल मीडिया पर उपलब्ध सामग्री हटाए जाने का भी आरोप लगाया गया।
अभियोजन ने यह भी दावा किया कि नाबालिग पिछले करीब एक वर्ष से कार चला रहा था और इसकी जानकारी उसके माता-पिता को थी। अस्पताल में उपचार ले रहे गवाहों पर दबाव बनाने का प्रयास किए जाने की बात भी अभियोजन की ओर से अदालत के समक्ष रखी गई।
जन्मदिन मनाने निकले थे तीन दोस्त
पुलिस के अनुसार, 12 अगस्त की सुबह करीब 5 से 5.30 बजे के बीच तीन नाबालिग दोस्त जन्मदिन मनाने के लिए कार से निकले थे। भरतवाड़ा टी-पॉइंट के पास मोड़ लेते समय कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े ट्रक से जा भिड़ी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। हादसे में भौमिक लारोकर और सागर मेलवानी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार चला रहा नाबालिग मिहिर आनंद बेहार गंभीर रूप से घायल हो गया।
घटना के बाद कलमना पुलिस ने मामले की जांच शुरू की और नाबालिग के माता-पिता आनंद बेहार तथा सोनाली बेहार के खिलाफ भी मामला दर्ज किया।
कोर्ट ने कहा- हिरासत में पूछताछ जरूरी
अदालत ने मामले की गंभीरता, दो निर्दोष बच्चों की मौत और जांच के प्रारंभिक चरण को देखते हुए आरोपों को गंभीर माना। CCTV फुटेज और सोशल मीडिया सामग्री हटाए जाने के आरोपों पर अदालत ने संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं मिलने की बात दर्ज की।
अदालत ने माना कि मामले की वास्तविकता सामने लाने के लिए आरोपियों से हिरासत में पूछताछ आवश्यक है। इन्हीं परिस्थितियों को देखते हुए अदालत ने दोनों की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी।
जमानत खारिज होते ही बढ़ा पुलिस का शिकंजा
अदालत से अग्रिम जमानत नहीं मिलने के बाद पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई। आज कलमना पुलिस ने आनंद ईश्वरदास बेहार और सोनाली आनंद बेहार को गिरफ्तार कर लिया। अब पुलिस दोनों से हादसे से जुड़े घटनाक्रम, नाबालिग के कार चलाने की जानकारी, CCTV फुटेज और सोशल मीडिया सामग्री से जुड़े आरोपों को लेकर पूछताछ करेगी।
पुलिस जांच में यह भी सामने लाने का प्रयास किया जा रहा है कि हादसे से पहले और हादसे के बाद आरोपियों की ओर से क्या-क्या कदम उठाए गए थे और क्या किसी सबूत को प्रभावित करने अथवा मिटाने का प्रयास हुआ था।
दो छात्रों की मौत से जुड़े इस मामले में अब माता-पिता की गिरफ्तारी के बाद जांच का अगला चरण शुरू हो गया है। पुलिस की पूछताछ और आगे की कानूनी कार्रवाई से मामले में और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की संभावना है।




