Published On : Sat, Nov 1st, 2014

बाभुलगांव : पुनर्वसित गांवों की सुध लेने लगे अधिकारी


समाचार प्रकाशित होते ही जागे

worse road in babulgaon
बाभुलगांव (यवतमाल)। बेंबला सिंचाई प्रकल्प के पुनर्वासित गांवों की समस्याओं की सुध लेते हुए पुनर्वास विभाग ने अनेक गावों के निर्माण कार्यों को पूर्ण करने की दिशा में मशगूल नज़र आने लगे हैं, क्योंकि पुनर्वसन के बाद गांवों की लम्बित समस्याओं की तरफ अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे थे, जिसकी खबरें बार-बार प्रकाशित की जा रही थीं. उसके बाद अधिकारी हरकत में आने पर मजबूर हो गए.

प्राप्त जानकारी के अनुसार, बाभुलगांव तालुका के बेंबला सिंचाई प्रकल्प के अंतर्गत कई गांवों का पुनर्वसन किया गया. परंतु यहाँ सुविधाओं पर अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे थे, जिसकी मांग की वर्षों से की जा रही थी, पर वे कोताही बारात रहे थे, जिसके बाद प्रसार माध्यमों की खबरों की सुध लेकर अधिकारी अपने कर्त्तव्य की ओर उन्मुख होकर गांवों की समस्याओं पर ध्यान देने को मजबूर हो गए. नागरिकों की वर्षों पुरानी मांगें अब धीरे-धीरे क्रियान्वित होने लगी हैं. कोल्ही क्र. 2 में नाली बनाने का काम शुरू किया गया है.

कार्यकारी अभियंता पहुँचे : नए प्रकल्प के कार्यकारी अभियंता डी. जे. राठोड़ ने शुक्रवार को कोल्ही का निरीक्षण करने पहुँचे. उनके साथ उपविभागीय अभियंता पुरुषोत्तम जीरापुर मौजूद थे. उन्होंने लोगों की समस्याओं को सुन कर शीघ्र सुलझाने की बात कही.

बिजली की समस्या कायम : गांवों में की गई ख़राब बिजली आपूर्ति की समस्या अब भी सुलझाई नहीं गई है. दिवाली के दौरान बिजली के कम-ज्यादा वोल्टेज के कारण कोल्ही क्र. 2 के अनेक घरों के बिजली चलित उपकरण ख़राब हो गए, तब से उक्त समस्या की सुध महावितरण कम्पनी को लेने की मांग लगातार की जा रही है. अब देखना है कि यह समस्या कब तक बनी रहेगी?