घटिया गुणवत्ता का संदेह और लेबलिंग नियमों के उल्लंघन का मामला; प्रतिष्ठान का लाइसेंस निलंबित

FDA की जांच में राज ऑइल स्टोर्स में उपलब्ध रिफाइंड सोयाबीन तेल की गुणवत्ता को लेकर संदेह जताया गया है। इसके साथ ही खाद्य उत्पादों पर अनिवार्य लेबलिंग से जुड़े नियमों के उल्लंघन की बात भी सामने आई है। हालांकि, तेल के घटिया या असुरक्षित होने की अंतिम पुष्टि जांच रिपोर्ट के बाद ही होगी।
‘मिलन’ रिफाइंड सोयाबीन तेल भी जांच के दायरे में
उपलब्ध उत्पाद पैकेजिंग की तस्वीर में राज ऑइल स्टोर्स द्वारा पैक एवं मार्केट किए जाने वाले ‘मिलन’ (Milan) रिफाइंड सोयाबीन तेल का उल्लेख दिखाई देता है। पैकेजिंग पर 15 किलोग्राम नेट वजन भी दर्ज है।
FDA की कार्रवाई में राज ऑइल स्टोर्स से रिफाइंड सोयाबीन तेल का कुल 523.40 किलोग्राम स्टॉक जब्त किया गया है। इस कार्रवाई के बाद संबंधित उत्पाद और उसकी गुणवत्ता को लेकर सवाल खड़े हो गए हैं।
नागपुर में खाद्य सुरक्षा को लेकर बड़ी कार्रवाई
FDA ने पिछले दो दिनों में राज्यभर में विशेष जांच अभियान चलाया। नागपुर में राज ऑइल स्टोर्स के अलावा भंडारा रोड स्थित श्री सावरिया फूड्स प्राइवेट लिमिटेड पर भी कार्रवाई की गई। यहां से रवा, मैदा, आटा और बेसन का कुल 1,998 किलोग्राम स्टॉक जब्त किया गया, जिसकी कीमत 1,41,440 रुपये बताई गई है।
इन दोनों नागपुर प्रतिष्ठानों के लाइसेंस निलंबित किए गए हैं।
अमरावती और अकोला में भी कार्रवाई
अभियान के तहत अकोला विभाग के मूर्तिजापुर में महालक्ष्मी गृह उद्योग और गजानन बीकानेर के लाइसेंस निलंबित किए गए। वहीं, अमरावती के मां भगवती मिठाई एवं फराल कारखाने से 107 किलोग्राम खाद्य पदार्थ जब्त किए गए। यहां सेव में अनधिकृत रंग के इस्तेमाल का संदेह सामने आया, जिसके बाद प्रतिष्ठान का कारोबार बंद कराया गया।
उपभोक्ताओं के लिए क्या है जरूरी?
खाद्य सुरक्षा से जुड़े इस मामले ने त्योहारों के दौरान बाजार में बिकने वाले खाद्य तेल और अन्य उत्पादों की गुणवत्ता पर सवाल खड़े किए हैं। उपभोक्ताओं को खाद्य तेल खरीदते समय ब्रांड, पैकिंग की तारीख, बैच नंबर, FSSAI लाइसेंस विवरण और अन्य अनिवार्य जानकारियां जरूर जांचनी चाहिए।
FDA की कार्रवाई के बाद अब राज ऑइल स्टोर्स के जब्त किए गए तेल की गुणवत्ता जांच और आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।



