Published On : Tue, Feb 24th, 2015

भद्रावती : शराब कामगारों का तहसीलदार द्वारा मुख्यमंत्री को ज्ञापन


पहले पुनर्वसन, उसके बाद जिला शराबबंदी – कामगारों की मांग

Memmorendum to CM
भद्रावती (चंद्रपुर)। जिला शराबबंदी के पहले हमारा पुनर्वसन करो अन्यथा पारिवारिक आत्महत्या के अलावा कोई चारा नहीं. ऐसा ज्ञापन भद्रावती तालुका देशी दारू दुकान और बार एंड रेस्टोरेंट कामगारों ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणविस को तहसीलदार किन्हींकर के माध्यम से सौंपा है.

इस दौरान कामगारों ने अपनी ओर से शासन को शराबबंदी से उनपर होनेवाली आर्थिक और मानसिक हानि की जानकारी दे ऐसी मांग की. ज्ञापन में शराबबंदी के पहले शासन कामगारों का पुनर्वसन करे. गत 15 से 25 वर्षो से बार के अतिरिक्त हमने कोई कार्य नही किया. बढ़ती उम्र में कोई अन्य काम हम नही कर सकते. ऐसा वयस्क कामगारों ने अपनी समस्या बताई. संपुर्ण परिवार की उपजीविका और बच्चों की शिक्षा, विवाह, भविष्य में होने वाली बिमारियां इस तरह की समस्या पैदा होगी. शराबबंदी से बार के समीप पानठेले व्यवसायिकों को भी आर्थिक नुकसान होगा ऐसा ज्ञापन में कहां गया.

महाराष्ट्र राज्य के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणविस हमारी समस्या की ओर ध्यान दे ऐसी याचना की गयी है. अन्यथा हमें पारिवारिक आत्महत्या के सिवाय दूसरा पर्याय नही है. इस दौरान देशी दारू दुकान और बार कामगार संघटना के अध्यक्ष निर्धार घुगुल, सचिव विनोद खोब्रागडे, उपाध्यक्ष संगीता धोपटे, सह सचिव सतीश गोवारदीपे, कोषाध्यक्ष संतोष उंबरकर, शोभा, रेखा, दिलीप मशारकर समेत असंख्य कामगार उपस्थित थे.