Published On : Mon, Jul 22nd, 2019

खापरखेड़ा बिजली घर का राख का पानी कन्हान नदी में

– पर्यावरण नियमों की उड़ रही धज्जियां,प्रदूषण नियंत्रण मंडल को ध्यान देने की जरूरत

नागपुर: महाजेनको प्रशासन तथा अधिकारियों की अनदेखी लापरवाही की वजह से पर्यावरण नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं खापरखेड़ा बिजली घर का केमिकल तथा राख का गंदा पानी नाले के माध्यम से कन्हान नदी में जा रहा है यह सिलसिला बहुत दिनों से शुरू हैं लेकिन महाजेनको प्रशासन तथा अधिकारियों द्वारा किसी प्रकार का ध्यान नहीं दिया जा रहा है

राख तथा केमिकल के गंदे पानी की वजह से कन्हान नदी का पानी दूषित हो रहा है बताया जाता है कि, खापरखेड़ा बिजली पॉवर प्लांट से हर दीन करीब हजारों टन राख निकलती हैं यह राख हवे में मिलकर खुलेआम उड़ती हुई नजर आ रही हैं राख के प्रदूषण की वजह से पेड़ पौधे शुख रहे हैं किसानों की खेती नष्ट हो रही है तथा लोगों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा है उद्योग चलाते समय नियमानुसार प्रदूषण नियंत्रण मंडल की ओर से जारी गाईड लाइन पर अमल करना पड़ता है प्रदूषण की वजह से पर्यावरण को किसी प्रकार की हानी नही होना चाहिए

इसका विशेष ध्यान रखना जरूरी है प्रदूषण नियंत्रण मंडल की ओर से समय समय पर समीक्षा की जाती हैं लेकिन प्रशासन द्वारा किसी प्रकार का नियंत्रण नहीं होने के कारण आज भी खुलेआम प्रदूषण फैल रहा है प्रदूषण की वजह से स्थानिक लोगों में भय व चिंता का वातावरण बना हुआ है आम जनता के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए संबंधित शासन व प्रशासन द्वारा पर्यावरण सुरक्षा की ओर गंभीरता से ध्यान देना चाहिए इस प्रकार की मांग आम नागरिकों द्वारा की जा रही हैं अब यह देखना है महाजेनको प्रशासन तथा अधिकारियों द्वारा आगे क्या कार्यवाही की जाती हैं इस पर आम जनता की नजरें लगी हुई हैं