Editor in Chief : S.N.Vinod    |    Executive Editor : Sunita Mudaliar
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Published On : Mon, Feb 19th, 2018

रविकांत कांबले की मां और बेटी को अश्रुपूर्ण अंतिम विदाई अंतिम संस्कार के दौरान पुलिस उपायुक्त नीलेश भरणे व अन्य बड़ी हस्तियां मौजूद थीं

नागपुर: शहर के दिघोरी नाका के पास स्थित पवनसुत कॉलोनी में सोमवार को नागपुर टुडे के क्राइम रिपोर्टर रविकांत के परिवार पर टूटा दु:खों का पहाड़ देखकर उपस्थित सभी नागरिकों का दिल रो पड़ा। रविकांत की माता उषा सेवकराव कांबले और उनकी नन्हीं बेटी राशि के कत्ल के बाद लाए गए शव को देख सभी की आंखे नम हो उठी। नम आंखों से कांबले परिवार समेत रिश्तेदारों, परिजनों समेत इलाके से अन्य नागरिकों ने उन्हें अंतिम विदाई दी।

एक रात पहले तक रवि की मां और उनकी बेटी को पास देखनेवाले पड़ोसी और कांबले परिवार के सदस्य शव को देख हिल उठे। इस दौरान रविकांत के परिवार से मिलने के लिए पुलिस के अधिकारियों-कर्मचारियों समेत बड़े पैमाने पर पत्रकार पहुंचे।

जब नन्हीं राशि का शव लाया गया तब भी उसके चेहरे में हल्का स्मित दिखाई दे रहा था। आरोपियों के नृशंस तरीके से किए गए इस हत्याकांड को लेकर आस पड़ोस के नागरिकों में आरोपियों के खिलाफ क्रोध को देखते हुए पुलिस का कड़ा बंदोबस्त लगा रहा। विरोश रूप से आरोपियों के घर के सामने पुलिस बड़े पैमाने पर लगाई गई थी।

दिघोरी घाट पर अंतिम संस्कार के दौरान पुलिस उपायुक्त नीलेश भरणे व अन्य बड़ी हस्तियां मौजूद थीं। आरोपी गणेश शाहू व कुछ अन्य लोगों के सहयोग से इस हत्या प्रकण को अंजाम दिया, मामले में शामिल अन्य लोगों का फिलहाल खुलासा नहीं हुआ है। बता दें कि डीसीपी भरणे को ही सबसे पहले गणेश शाहू पर शक हुआ था। वे रात को ढाई बजे तक मामले की तफतीश में जुटे रहे। आरोपी के हावभाव और वस्त्रों से उस पर मिलते ही शक की सुई उस पर घूम गई थी। जिसके बाद दो पुलिसवालों को उस पर नजर रखने के िलए कहा गया था। इसके बाद जब डॉग स्वाक्ड का श्वान पथक भी गणेश की कार के आस पास मंडराने लगा तो शक यकीन में बदल गया और पूछताछ में उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया।

Bebaak
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