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    Published On : Tue, May 1st, 2018

    जेईई में सफलता हासिल करनेवाले विद्यार्थियों ने साझा किए अपने अनुभव

    JEE Results

    नागपुर: जेईई मुख्य 2018 परीक्षाओं के परिणाम आ चुके हैं. नागपुर से पहली रैंकिंग पर वेदांत बंग हैं. वेदांत ने 610 रैंकिंग हासिल की है. तो वहीं सिद्दार्थ अग्रवाल ने 692 और उमंग चांडक ने 770 वीं रैंकिंग हासिल की है. सोमवार को जेईई के नतीजे घोषित हुए. सीबीएसई द्वारा शाम 6 बजे के करीब आधिकारिक तौर पर इसकी घोषणा की गई. पूरे भारत से इस परीक्षा में 10.74 लाख विद्यार्थी इस परीक्षा में बैठे थे. परीक्षा की कड़ी प्रतिस्पर्धा का अनुमान इसी बात से लगाया जा सकता है कि इस परीक्षा में केवल 2.64 लाख विद्यार्थी ही जेईई एडवांस के लिए पात्र हुए हैं. जो आईआईटी के प्रवेश के लिए एक मुख्य पड़ाव है. हालांकि इस साल नागपुर को टॉप 500 में आने के लिए भी संघर्ष करना पड़ा. नागपुर के कुछ परीक्षार्थियों ने रिजर्व्ड कैटगरी (एससी/एसटी/ओबीसी) में टॉप 100 में अपनी जगह बनाने में कामयाबी हासिल की है.

    इस दौरान ऋषब गेडाम ने कहा कि मेरी दो साल की मेहनत रंग लायी है. यह बहुत अच्छा अनुभव रहा. मैंने जेईई मेंस क्लियर कर लिया है और मेरा पूरा ध्यान एडवांस पर है. ऋषभ ने बताया कि सभी चैप्टर्स के रिविज़न के साथ ही रोज ऑनलाइन पैटर्न के माध्यम से भी तैयारी की. गलतियों पर ध्यान देकर उन्हें सुधरने की कोशिश की.

    ओबीसी 846 रैंकिंग के शशांक राऊत ने कहा कि गणित विषय की काफी समस्याएं रहीं है. उसके बाद सोचा कि अच्छी प्रैक्टिस से कुल 269 मार्क्स हासिल किए जा सकते हैं. लेकिन इसके लिए समय नहीं था. लेकिन अब समय नहीं है जेईई एडवांस्ड पास आ चुकी है. पिछली गलतियों पर ध्यान देने का अब समय नहीं है. अपनी कमजोर कड़ियों पर ध्यान दे रहा हूँ, उनमें सुधार कर रहा हूं. साथ ही अन्य विषयों पर पकड़ मजबूत बनाने की कोशिश कर रहा हूं. रोजाना 6 से 7 घंटे पढ़ रहा हूं और मॉक टेस्ट की प्रैक्टिस भी कर रहा हूं.

    ओबीसी 285 रैंकिंग वाली वेदश्री चांदेवार का कहना है कि केमिस्ट्री में आए मार्क्स से वे थोड़ी निराश हैं. क्योंकि इसमें मैं हमेशा अच्छी थी. ग्रेड को देखकर ऐसा लग रहा है कि इसको और बेहतर किया जा सकता था. लेकिन अब मैं अपनी गलती पर नहीं सोच रहा हूं और पूरी तैयारी के साथ अगले चरण की तैयारी कर रही हूं. रोजाना 12 घंटे पढ़ाई कर रही हूं. वेदश्री ने उम्मीद जताई है कि उन्हें बेहतर कॉलेज मिलेगा और वह अपने लक्ष्य केमिकल इंजीनियरिंग में वैज्ञानिक बनने को पा सकेंगी. वेदश्री बीआईटीएस और एसएटी की भी तैयारी कर रही हैं.

    ओबीसी के ही 1082 रैंक हासिल करनेवाले अन्वय कारमोरे ने बताया कि स्थिरता के साथ पढ़ाई करने से अच्छे मार्क्स हासिल किए जा सकते हैं. और इसका पालन करके ही मैंने जेईई मेंस की तैयारी की है. रसायन शास्त्र में थोड़ा कमजोर रहा, लेकिन अब इसे मजबूत करने की योजना है. जेईई एडवांस्ड के लिए मॉक टेस्ट और अपने बेसिक कॉन्सेप्ट्स को सुधार रहा हूं.


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