Published On : Sat, Nov 17th, 2018

वेकोलि में “कोयला उद्योग : वर्तमान एवं भविष्य की चुनौतियां” विषय पर कार्यशाला संपन्न

सामूहिक प्रयास से लक्ष्य की प्राप्ति संभव : डॉ. एम. पी. नारायणन

वेस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (वेकोलि) में आज “कोयला उद्योग : वर्तमान एवं भविष्य की चुनौतियां” विषय पर कार्यशाला संपन्न हुई। मुख्य अतिथि डॉ. एम. पी. नारायणन, भूतपूर्व अध्यक्ष, कोल इंडिया लिमिटेड थे। विशिष्ट अतिथि के रूप में श्री बी. अकला, भूतपूर्व सीएमडी, सीसीएल एवं सीएमपीडीआईएल तथा श्री सी. एच. खिस्ती, भूतपूर्व निदेशक (कार्मिक एवं औद्योगिक सम्बंध) सीआईएल उपस्थित रहे।

प्रमुख अतिथि डॉ. एम. पी. नारायणन ने अपने सम्बोधन में आह्वाहन किया कि, कोयला उद्योग की तरक़्क़ी के लिए यह आवश्यक है कि प्रबंधन और ट्रेड यूनियन दोनों में ‘हम’ यानि एक इकाई “हम सब एक हैं” की भावना सदैव सुदृढ़ रहे। उन्होंने कहा कि, किसी परियोजना की योजना निचले स्तर से प्रारंभ करें। डॉ. नारायणन ने कहा कि, उत्पादन और उत्पादकता पर नये सिरे से कार्य करने पर वर्तमान एवं भविष्य की चुनौतियों का मुकाबला कोयला उद्योग आसानी से कर सकता है। उन्होंने कहा कि, कुछ भी असंभव नहीं है।

विशिष्ट अतिथि श्री बी. अकला ने कहा कि, कोयला उद्योग के प्रबंधन में आधुनिक सोच ज़रूरी है, तभी वर्तमान एवं भविष्य की चुनौतियों से निपटा जा सकता है। उन्होंने कहा कि, हमारा विज़न और मिशन दोनों स्पष्ट होना चाहिए। श्री अकला ने कहा कि, मैन पॉवर का सही नियोजन और उनका समुचित प्रशिक्षण आवश्यक है तथा प्रेरक माहौल बना कर कर्मियों का मनोबल हमेशा ऊंचा रखें।

 

श्री सी. एच. खिस्ती ने कहा कि, सार्वजनिक उपक्रम में कार्य करते हुए राष्ट्रीय आवश्यकता की पूर्ति करना अपने आप में चुनौतीपूर्ण दायित्व है। उन्होंने सलाह दी कि, हमेशा नियमों का पालन करें, कभी किसी प्रकार के लालच का शिकार न बनें। श्री खिस्ती ने कहा कि, जब आप सही कार्य करेंगे तो और कोई दूसरी चीज़ याद रखने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी।

अतिथि वक्ताओं ने वेकोलि द्वारा चलाये जा रहे मिशन : डब्ल्यूसीएल 2.0 की सराहना करते हुए कहा कि, इसका अनुसरण कोल इंडिया की सभी अनुषंगी कम्पनियों द्वारा किया जाना चाहिए।

स्वागत एवं प्रास्ताविक सम्बोधन वेकोलि एवं एमसीएल के सीएमडी श्री राजीव रंजन मिश्र ने किया। उन्होंने कहा कि, पांच महीने पूर्व प्रारंभ मिशन डब्ल्यूसीएल : 2.0 के सकारात्मक परिणाम अब दिखने लगे हैं। श्री मिश्र ने कहा कि, बदलाव की छोटी पहल भी महत्वपूर्ण होती है टीम वेकोलि के सदस्य वाकई सर्वोत्तम हैं। उन्होंने कहा कि, आज की यह कार्यशाला पूरे कोयला उद्योग के लिए पथ प्रदर्शक साबित होगी।

कार्यक्रम में कम्पनी के निदेशक (कार्मिक) डॉ. संजय कुमार, निदेशक (वित्त) श्री एस. एम. चौधरी, निदेशक (तकनीकी) श्री पी. एम. प्रसाद तथा संचालन समिति सदस्य सर्वश्री सौरभ दुबे, वाई एन सिंह, एस. एच. बेग, शिवकुमार यादव, सुधीर घुरडे एवं एन. टी. मस्के प्रमुखता से उपस्थित थे।

कोल इंडिया गीत के साथ प्रारंभ कार्यक्रम में “मिशन डब्ल्यूसीएल : 2.0” की वीडियो प्रस्तुति की गयी। कार्यशाला में व्यक्त विचारों का सार-संक्षेप महाप्रबंधक द्वय (खनन) सर्वश्री तरुण कुमार श्रीवास्तव एवं आलोक कुमार ने प्रस्तुत किया। कार्यशाला का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।धन्यवाद ज्ञापन विभागाध्यक्ष (एचआरडी) श्री मार्कण्डेय मिश्रा ने तथा कार्यक्रम का संचालन उप प्रबन्धक (कार्मिक) श्रीमती ऋतु सिंह ने किया। बड़ी संख्या में उपस्थित टीम वेकोलि के सदस्यों ने वक्ताओं से प्रश्न पूछ कर अपनी जिज्ञासा भी शांत की।