Published On : Sat, Oct 6th, 2018

हुक़्क़ा पार्लर पर लगाम लगाने के लिए सरकार ने निकाला अध्यादेश

नागपुर: बेधड़क हुक़्क़ा पार्लर का संचालन करने वालो की अब खैर नहीं है। रेस्टोरेंट और कॉफ़ी हॉउस के नाम पर महानगरों में हुक़्क़ा पार्लर का संचालन होता है लेकिन कानूनी तौर पर कोई कड़ा प्रावधान न होने की वजह से अक्सर हुक्का पार्लर संचालन के मामले में कोई कठोर कार्रवाई नहीं हो पाती थी। इस स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने अध्यादेश निकालकर हुक़्क़ा पार्लर के संचालन पर रोक लगाने का फ़ैसला लिया है। गुरुवार 4 अक्टूबर को निकाले गए अध्यादेश के मुताबिक हुक़्क़ा पार्लर का संचालन करते पकड़े जाने पर सरकार से 50 हज़ार के लेकर 1 लाख तक का जुर्माना लगाने तथा तीन साल की सज़ा का प्रावधान किया है। सजा का प्रावधान तंबाखू और सिगरेट उत्पादन अधिनियम के अंतर्गत किया गया है। अध्यादेश में पुलिस उपनिरीक्षक पद के अधिकारी को कार्रवाई करने का अधिकार दिया गया है।

राज्य में बीते कुछ वर्षो में हुक़्क़ा पार्लर का चलन काफ़ी बढ़ गया है। आम तौर पर हुक़्क़े के माध्यम से तंबाखू का नशा करने के देश के कई भागों में पुरानी परंपरा है। नए दौर में हुक़्क़ा को शौक के रूप में बड़े पैमाने पर विकसित किया गया है। फ़्लेवर्ड की आड़ में कई जगहों पर तंबाखू,गांजा के साथ अन्य नशीले पदार्थो को मिलाने की शिकायत आये दिन राज्य में सामने आती रही है। हुक़्क़ा पार्लर में जाना युवाओं के लिए शौक जैसा बन गया है। हुक़्क़ा में मिलाए जाने वाले नशीले पदार्थो की वजह से युवा पीढ़ी नशे की आदी होती जा रही थी। जिस पर लगाम लगाने के लिए सरकार की तरफ से यह अध्यादेश निकाला गया है।