Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!
    | | Contact: 8407908145 |
    Published On : Mon, Sep 21st, 2020

    नागपुर एयरपोर्ट पर होम क्वारंटाइन के Hand Stamping से जला यात्री का हाथ

    Ink में ज्यादा एसिड होने का लगाया आरोप

    नागपुर– कोविड -19 (Covid-19) में हॉस्पिटल (Hospitals), नागपुर महानगर पालिका प्रशासन (Nmc) और अन्य प्राथमिक स्वास्थ सुविधाओ (Other Primary Health Facilities) की ओर से काफी अनियमितता सामने आ रही है. मरीजों के साथ साथ क्वारंटाइन में रहनेवाले नागरिकों के साथ भी लापरवाही सामने आ रही है. क्वारंटाइन ( Home Quarantine ) में नागरिकों के हाथों पर जो हैंड स्टम्पिंग (Hand Stamping) किया जाता है, उससे एक व्यक्ति की हाथ की स्किन जल गई है और उनको जिस जगह स्टम्पिंग किया गया था, वहां पर उन्हें छाले हो गए है. पीड़ित ने आरोप लगाया है की एसिड की मात्रा ज्यादा होने की वजह से उनके हाथ में छाले और उनकी स्किन जल गई है. पीड़ित का कहना है की जब वे बैंगलोर से नागपुर एयरपोर्ट पर पहुंचे तो बाहर निकलते समय उनके हाथ पर होम क्वारंटाइन (Home Quarantine) का स्टैम्प लगाया गया था.

    पीड़ित का नाम शाहिद खान (Shahid Khan) है और वे कामठी के कलमना रोड के बी.बी.कॉलोनी में रहते है. वे ऑफिस के काम से बैंगलोर (Bangalore) गए हुए थे. जब 16 सितम्बर को वे नागपुर वापस लौटे तो नागपुर एयरपोर्ट (Nagpur Airport) पर उनके हाथ पर होम क्वारंटाइन ( Home Quarantine) का स्टैम्प लगाया गया था. शाहिद ने ‘ नागपुर टुडे ‘ (Nagpur Today) को जानकारी देते हुए बताया की मैं बैंगलोर से जब नागपुर एयरपोर्ट पंहुचा तो बाहर निकलते समय होम क्वारंटाइन का स्टम्प लगाया गया था.

    जिसमे एसिड की मात्रा ज्यादा होने से मेरे हाथ की स्किन जल गयी और स्टम्प के आकार के छाले पड़ गए और बहुत दर्द होने लगा, घर पहुंच कर मैंने तुरन्त बरनोल लगा लिया, उन्होंने बताया कि 1-2 दिन में हाथों के छाले फूटने लगे और धीरे धीरे कम होने लगे पर दर्द कम नहीं हुआ, आज 5 दिन बाद स्किन से स्टम्पिंग का निशान थोड़ा-थोड़ा जाने लगा है, लेकिन सफ़ेद दाग दिखने लगे, मुझे डर लग रहा की घटिया क्वालिटी की इंक के इस्तेमाल से मेरे हाथ की स्किन हमेशा के लिए ख़राब न हो जाये.

    शाहिद का कहना है की इस कोरोना काल में पहले से ही प्रशासन और हॉस्पिटल्स की लापरवाही क्या कम थी, जो अब यह हैंड स्टम्पिंग (Hand Stamping ) के नाम पर भी लापरवाही शुरू हो गयी है. उन्होंने कहा की अगर मेरे हाथ को कुछ हो जाता है तो उसका जवाबदार कौन होगा? शाहिद ने प्रशासन से मांग की है कि की इस मामले में जल्द से जल्द ध्यान दिया जाए और हैंड स्टम्पिंग में इस्तेमाल होने वाली इंक (Ink) की पहले जांच की जाये और फिर लोगो पर इस्तेमाल किया जाए. जो लोग इसके लिए ज़िम्मेदार हैं उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि और लोगो को ऐसी परेशानी न हो.


    Stay Updated : Download Our App
    Mo. 8407908145