Published On : Thu, Dec 18th, 2014

गड़चिरोली के सम्पूर्ण विकास के लिए सरकार वचनबद्ध

 

  • मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने किया आदिवासी बंधुओं से वादा
  • स्वावलम्बी बनाने कौशल्य विकास प्रशिक्षण अभियान
  • गड़चिरोली को महाराष्ट्र की आत्मा बताया
  • विद्यार्थी ही भविष्य के विकास स्तंभ : मुख्यमंत्री
  • रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने का वादा
  • ८० विद्यार्थियों ने किया महाराष्ट्र दर्शन

Fadanvis
गड़चिरोली। हिरवीगार वनराई गड़चिरोली जिले में पर्यावरण संवर्धन का कार्य किया है. गड़चिरोली जिला महाराष्ट्र की आत्मा है. यहाँ के विद्यार्थी ही भविष्य के विकास स्तंभ हैं. इसलिए यहाँ के आदिवासी युवक-युवतियों को रोजगार के अवसर देकर स्वावलम्बी बनाने के लिए कौशल्य विकास प्रशिक्षण अभियान प्रारंभ किया जाएगा. उक्ताशय के विचार मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने रखे.

वे यहाँ महाराष्ट्र पुलिस और आदिवासी विकास विभाग की ओर से स्वर्ण जयंती योजना अंतर्गत एक कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे. गड़चिरोली जिले में ८० लड़का-लड़कियों को महाराष्ट्र दर्शन पिकनिक यात्रा द्वारा राज्य के विभिन्न स्थलों का दर्शन कराया गया. पिकनिक यात्रा के बाद सोमवार को विद्यार्थियों के लिए पुलिस विभाग ने नागपुर के पुलिस जिमखाना के सिविल लाइन्स परिसर में एक कार्यक्रम आयोजित किया. इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने आदिवासी विद्यार्थियों के साथ संवाद साधा. इस अवसर पर आदिवासी विकास मंत्री विष्णु सावरा, ऊर्जा मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, आरोग्यमंत्री डॉ. दीपक सावंत, गृह राज्य मंत्री (ग्रामीण) राम शिंदे, आदिवासी विकास राज्यमंत्री राजे अम्ब्ररीश आत्राम, पुलिस महासंचालक संजीव दयाल, पुलिस आयुक्त के.के. पाठक, नक्सल विरोधी अभियान के विशेष पुलिस महानिरीक्षक अनूप कुमार सिंह, नागपुर परिक्षेत्र के विशेष पुलिस महानिरीक्षक रवीन्द्र कदम, गड़चिरोली के पुलिस अधीक्षक संदीप पाटिल के साथ पुलिस व आदिवासी विकास विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे.

मुख्यमंत्री ने कहा कि गड़चिरोली जिले में आदिवासी बंधुओं के विकास के लिए सरकार की तरफ से विभिन्न योजनाएँ संचालित की जा रही हैं. आदिवासियों तक पहुँचाने के लिए सरकार प्रयत्नशील है. गड़चिरोली में हिरवीगार वनराई होने से यहाँ की संस्कृति की अलग पहचान है. इसलिए पर्यटन की दृष्टि से गड़चिरोली जिले का  विकास करने मैं वचनबद्ध हूँ. इसके अंतर्गत जिले में अच्छी सड़कें, स्कूलें व महाविद्यालय खोलकर रोजगार के अवसर उपलब्ध कराएँगे.
उन्होंने यह भी कहा कि इससे पूर्व प्रारंभ में विष्णु सावरा ने राज्य सरकारी की भूमिका स्पष्ट की. राज्य में करीब एक करोड़ आदिवासी जनता है. राज्य के आदिवासी क्षेत्रों के विकास के लिए निधि की कमी होने नहीं दी जाएगी. इसके लिए सरकार के आदिवासी विभाग विकास पर पूरा ध्यान दे रहा है. इस अवसर पर पिकनिक यात्रा में भाग लेने वाले विद्यार्थी लक्ष्मण कन्नाके, नीलेश महा, मानताई मड़ावी, पूजा उसेंडी ने यात्रा के अनुभव बताये और रेल नृत्य से उपस्थितों को मंत्रमुग्ध कर दिया.

विद्यार्थियों का यह ८० विद्यार्थी का काफिला ५ दिसम्बर को पिकनिक यात्रा में निकले. इसमें ४१ लड़के व ३९ लड़कियाँ शामिल थीं. इस यात्रा के दौरान विद्यार्थी मुंबई, पुणे, औरंगाबाद व नागपुर शहर के विभिन्न स्थानों को देखा. आदिवासी विद्यार्थियों ने कहा कि वे पहली बार विमानतल व विमान, गेटवे ऑफ इंडिया, फिल्म सिटी व समुद्र देखने का अवसर मिला. इस यात्रा में गड़चिरोली जिले के विभिन्न स्वूâल, महाविद्यालयों के ७वीं से १२वीं तक के विद्यार्थियों का आनन्द लिया. नागपुर में सोमवार को सुबह से दोपहर तक विधानमण्डल के कामकाज विद्यार्थियों ने देखी व सुनी. उसकी के साथ मुख्यमंत्री के साथ अन्य मंत्रियों से मुलाकात की.