Published On : Thu, Apr 23rd, 2026
By Nagpur Today Nagpur News

Video गोंदिया नागझिरा: ‘मुरदोली गेट’ बना टाइगर हॉटस्पॉट , एक साथ दिखे 3 बाघ

1 मई से खुलेगा मुरदोली गेट , साल भर होगी सफारी , जंगल में एंट्री और सामने टाइगर ट्रिपल धमाका

गोंदिया | वाइल्डलाइफ के शौकीनों के लिए 1 मई का दिन किसी उत्सव से कम नहीं होने वाला है।विश्व प्रसिद्ध नागझिरा-नवेगांव टाइगर रिजर्व (NNTR) अपने रोमांच का नया अध्याय लिखने जा रहा है। गोंदिया-कोहराम रोड पर स्थित ‘मुरदोली गेट’ आगामी 1 मई 2026 से पर्यटकों के लिए आधिकारिक तौर पर खोल दिया जाएगा। सबसे खास बात यह है कि यह गेट साल के 12 महीने सफारी के लिए खुला रहेगा।

दस्तक देते ही ‘तिगड़ी’ टाइगर का दीदार

मुरदोली गेट खुलने से पहले ही जंगल से जबरदस्त खबर आई है। गेट शुभारंभ की तैयारियों में जुटे वनकर्मियों और मजदूर तब अचंभित हो गए जब उन्हें इस इलाके में एक साथ 3 टाइगर विचरण करते हुए दिखाई दिए। इस साइटिंग ने पुष्टि कर दी है कि मुरदोली गेट आने वाले समय में टाइगर दर्शन का ‘हॉटस्पॉट’ बनने वाला है।

स्थानीय युवाओं की चमकेगी किस्मत

वन विभाग की इस पहल से न केवल पर्यटन बढ़ेगा, बल्कि स्थानीय रोजगार को भी पंख लगेंगे।
मुरदोली गेट पर शुरुआती तौर पर 10 जिप्सियों और गार्ड को तैनात किया जाएगा।
इन जिप्सियों के संचालन और गाइड के तौर पर स्थानीय ग्रामीणों को प्राथमिकता दी जाएगी , इससे इलाके के लोगों को रोजगार उपलब्ध होगा।
वाइल्डलाइफ और वन विभाग की योजना जल्द ही तीन और नए गेट खोलने की है, जिससे रोजगार का दायरा और बढ़ेगा।
वन विभाग अधिकारी पीयूषा जगताप ( IFS) ने कहा -मुरदोली गेट का खुलना पर्यटकों के लिए रोमांचक होगा। यहाँ टाइगर साइटिंग की प्रबल संभावना है और हमारा मुख्य उद्देश्य ईको-टूरिज्म के जरिए स्थानीय लोगों को आत्मनिर्भर बनाना है।

मुरदोली गेट ‘ टूरिज्म इंडस्ट्री ‘ के लिए ‘गेम चेंजर’

नागझिरा-नवेगांव टाइगर रिजर्व का प्रबंधन कितना चाक-चौबंद है, इसे इन आंकड़ों से समझा जा सकता है , यह कोर ज़ोन 150 किमी के हाई-डेंसिटी फारेस्ट एरिया में है जिसमें 72 पोचिंग कैंप बनाए गए हैं।
16 चेकपोस्ट पॉइंट बनाए गए हैं जहां 48 सुरक्षाकर्मी मजदूरों को रोजगार मिलता है
9 वायरलेस स्टेशन में 25 कर्मियों का नेटवर्क काम करता है। नागझिरा- नवेगांव टाइगर रिजर्व में सफारी के लिए कुल
68 जिप्सी गाड़ियां है ।

बता दें कि मानसून के दौरान जहां कई गेट बंद हो जाते हैं, वहीं मुरदोली गेट का पूरे साल खुला रहना टूरिज्म इंडस्ट्री के लिए ‘गेम चेंजर’ साबित होगा। तो तैयार हो जाइए, क्योंकि 1 मई से नागझिरा की दहाड़ अब और करीब से सुनाई देगी।

रवि आर्य