Published On : Tue, Nov 11th, 2014

चंद्रपुर : जवखेड हत्याकांड के निषेधार्थ जिलाधिकारी कार्यालय पर मोर्चा


Dalit htyakand Morcha
चंद्रपुर।
अहमदनगर के जवखेड गांव में 20 अक्तूबर को की गई दलितों की हत्या के मामले में पुलिस ढिलाई बरत रही है. इस घटना को अब पूरा एक महीना होने को आ रहा है, लेकिन पुलिस हत्यारों का पता नहीं लगा पाई है, जिसकी वजह से महाराष्ट्र की आंबेडकरी जनता मेंसरकार के प्रति रोष व्याप्त है. इस अमानवीय हत्याकांड का निषेध करने तथा आरोपियोंको तत्काल गिरफ्तार कर सीधी फांसी की सजा दिए जाने की मांग को लेकर मंगलवार को शहर रिपब्लिकन संघर्ष समिति जिला चंद्रपुर सहित शहर के अन्य राजनीतिक धार्मिक संगठन व विविध बौद्ध संगठन के कार्यकर्ताओं एवं दलित बांधवोंने जिलाधिकारी कार्यालय पर मोर्चा निकालकर सरकार के विरोध मेंधरना प्रदर्शन कर नारेबाजी की.

मोर्चेका नेतृत्व खुशाल तेलंग, प्रा.एस.टी. चिकटे, अंकुश वाघमारे, प्रवीण खोब्रागडे., गोपाल देवगडे., अधि.सत्यविजय उराडे, सिद्धार्थ वाघमारे, शंकरराव सागोरे, रमेशचंद्र राऊत, कैविशा मेश्राम, अश्‍विनी खोब्रागडे., राजेश वनकर, कुशल मेश्राम, जी.के. उपरे, भारत थूलकर व सुरेश नारनवरे ने किया. मोर्चे के जिलाधिकारी कार्यालय में पहुंचने के बाद मोर्चा का रूपांतर सभा में हुआ. इस समय उपस्थित लोगोंने सभा को संबोधित कर राज्य मेंहो रहे दलित अत्याचार के खिलाफ निषेध किया.

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सभा के बाद आंबेडकरवादी नेताओं के उपस्थिति में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री, प्रधानमंत्री तथा गृहमंत्री को जिलाधिकारी डॉ. दीपक म्हैसेकर की मार्फत मांगों का निवेदन दिया गया. निवेदन में जाधव दलित परिवार के हत्यारोंको जल्द से जल्द गिरफ्तार कर आरोपियों को फांसी की सजा देने, अहमदनगर जिले के जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक, संबंधित थानेदारों को तत्काल निलंबित करने, अहमदनगर जिला दलित अत्याचारग्रस्त घोषित करने तथा अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार प्रतिबंधक सुधारित कानून शीघ्र पारित करने समेत अन्य मांगों का समावेश था.

शिष्टमंडल में वामन सरदार, भाऊराव दुर्योधन, किशोर पोतनवार, सुरेश खरतड, देशक खोब्रागडे., संतोष डांगे समेत रिपब्लिकन संघर्ष समिति के पदाधिकारी व कार्यकर्ता शामिल थे.