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    Published On : Thu, Jan 16th, 2020

    DRI ने पकड़े 18.75 लाख के नकली नोट

    नागपुर. राजस्व खुफिया ब्यूरो की टीम में मिली सूचना के आधार पर पिछले 72 घंटों के दौरान शहर में 3 अलग-अलग स्थानों पर कार्रवाई कर 18,76,500 रुपए के नकली नोट बरामद किए है. इनमें 2000 और 500 रुपए के नोट का समावेश है. नकली नोट बांगलादेश से भारत लाए गए है. डीआरआई की टीम ने लालू खान नाम के व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. आरोपी से पूछताछ के लिए 18 जनवरी तक पीसीआर मिला है. प्रारंभिक छानबीन में नकली नोट का कारोबार करने वाले अंतरराष्ट्रीय गिरोह का इसके पीछे हाथ होने का अंदेशा जताया जा रहा है.

    शहर के बड़ा ताजबाग परिसर में नकली नोटों के साथ एक व्यक्ति के छिपे होने की जानकारी डीआरआई को मिली थी. संवेदनशील मामला होने के कारण पूरी तरह सावधानी बरती गई. जाल बिछाकर डीआरआी ने लालू खान को हिरासत में ले लिया. उसके पास से 13,67,500 रुपए के नकली नोट बरामद किए गए. इसमें 2,000 रुपए के 386 जबकि 500 के 1,191 नोट थे. आरोपी से पूछताछ के आधार पर 2 अन्य स्थानों से भी कार्रवाई कर बड़ी मात्रा में नकली नोट पकड़े गए. सीताबर्डी के लोहापुल के पास की गई एक अन्य कार्रवाई में 89,000 रुपए की नकली मुद्रा बरामद की गई.

    इसी तरह डीआरआई की इंदौर जोनल यूनिट की ओर से की गई एक कार्रवाई में 4,17,500 के नकली नोट पकड़े गए. इन मामलों में 1 व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया गया जबकि 3 को हिरासत में रखा गया है. बताया जाता है कि पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के आधार पर डीआरआई की टीम ने महाराष्ट्र के अन्य भागों के अलावा मध्यप्रदेश और पश्चिम बंगाल में बड़े पैमाने पर अभियान चलाया है. बरामद किए गए नकली नोट को जांच के लिए नाशिक स्थित करेंसी प्रिंटिंग प्रेस में भेजा गया है.

    मिली थी गुप्त जानकारी
    शहर में बांगलादेश से पश्चिम बंगाल होते हुए नकली नोट लाए जाने की गुप्त सूचना डीआरआई की टीम को मिली थी. डीआरआई और बीएसएफ की ओर से इस संदर्भ में गुप्त आपरेशन चलाया जा रहा है. जिस लालू खान नाम व्यक्ति को हिरासत में लिया गया उसके भी बांगलादेश का नागरिक होने का संदेह जताया जा रहा है. हालांकि वह खुद को पश्चिम बंगाल का निवासी बताता है. पूछताछ में उसने बिहार से यहां आने की जानकारी दी.

    सूत्रों के अनुसार इस कारबोर के पीछे किसी बड़े सिंडीकेट के होने की संभावना से भी इंकार नहीं किया जा सकता. देश विरोधी गतिविधियों के लिए हथियार खरीदने और अन्य वारदातों को अंजाम देने में इस रकम का इस्तेमाल किया जा सकता है. नागपुर के नक्सल कारीडोर पर होने से भी हमेशा खतरा मंडराता रहता है. नगदी कहां से लाई गई इस बारे में छानबीन जारी है. डीआरआई की ओर से पिछले दिनों विमानतल में की गई कार्रवाई में चोरी छिपे सोना लाए जाने का मामला भी उजागर किया गया था.

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