Published On : Tue, Dec 6th, 2016

मुस्लिम समाज के आरक्षण पर रुख साफ करे मुख्यमंत्री – नसीम खान

naseem-khan
नागपुर : 
मराठा आरक्षण के मामले में राज्य सरकार ने 2700 पन्ने की रिपोर्ट बनाकर एफिडेविट सादर किया है। सरकार का दावा है उसने विस्तृत अध्ययन कर तैयार की गयी इस रिपोर्ट में मराठा आरक्षण की वकालत की है। मराठा आरक्षण पर सरकार की पहल और सकारात्मक रुख के सामने आने के बाद मुस्लिम विधायको और काँग्रेस पार्टी ने सरकार पर दोगला रवैय्या अख्तियार करने का आरोप लगाया है। पूर्व कैबिनेट मंत्री और वर्त्तमान में विधायक नसीम खान ने बीजेपी सेना सरकार का मुस्लिम समाज के साथ तुष्टिकरण करने का आरोप लगाया है।

खान के मुताबिक एक ओर जहाँ सरकार मराठा आरक्षण को लेकर सकारात्मक दिखायी दे रही है वही मुस्लिम समाज के आरक्षण के मुद्दे को ठंडे बस्ते में डाला कर रखा गया है। हमें मराठा समाज के आरक्षण पर कोई विरोध नहीं है। पिछली सरकार ने ही मराठा और मुस्लिम समाज को आरक्षण दिए जाने का प्रस्ताव लेकर आयी थी। सरकार एक समाज के प्रश्न को लेकर आगे बढ़ रही है जबकि दूसरे को अनदेखा कर रही है। आर्थिक रूप से पिछड़ेपन की वजह से मुस्लिम समाज की 50 जमातों को आरक्षण की माँग की अवहेलना हो रही है। मुख्यमंत्री इस मुद्दे पर गोलमोल जवाब दे रहे है। लेकिन अगर सरकार ने अपना रुख साफ नहीं किया तो राज्य भर में तीव्र आंदोलन किया जायेगा। सरकार के रुख की वजह से मुस्लिम समाज का भरोषा सरकार से उठ रहा है।