Published On : Sat, Aug 1st, 2020

अपने क्षमता के अनुरूप चुने पाठयक्रम- डॉ. नरेन्द्र भुसारी

नागपुर : अपने क्षमता के अनुरूप पाठयक्रम का चुनाव करना चाहिये यह मार्गदर्शन देश के सुप्रसिद्ध एज्युकेशन कौंसिलर डॉ. नरेन्द्र भुसारी ने वेबिनार के माध्यम से किया.

पुलक मंच परिवार, अमरस्वरूप फाऊंडेशन के संयुक्त तत्वाधान मे आयोजन किया था. डॉ. भुसारी ने कहा संपूर्ण विश्व मे आज बदलाव चल रहा है ऐसे स्थिती में हमे अपनी पढाई जारी रखना है. मुझे क्या बनना है, क्यु बनना है, पढाई कैसी करना चाहिये. मै स्पर्धा का सामना कैसे करुंगा, मेरी स्पर्धा किससे है यह सारी बाते छात्रो ने सोचना चाहिये. हमारा शत्रू और मित्र मोबाईल है. दिनभर मोबाईल पर चॅटिंग करने से हमारा समय जायेगा इसलिये वह हमारा शत्रू बनेगा. इंटरनेट, सोशल मीडिया, गेम्स कुछ लोगों कों समय बिताने का साधन हो सकता है. होनहार छात्रो कों अपने लक्ष्य की ओर ध्यान देना चाहिये, लक्ष्य की ओर बढना है जिससे हमारा क्वालिटी टाइम उपयोगी रहेगा. हमने हमारा समय दिया तो एक-एक मार्क्स के लिये किमती रहेगा.

पढाई के वक्त आवश्यकता है तो मोबाईल हमारे पास होना चाहिये. हमे प्रवेश प्रक्रिया की जानकारी होना चाहिये. पुरे विश्व में जहाँ कंपनिया है वहा जॉब करने की क्षमता होना चाहिये. आप कुछ भी पढते है लेकिन क्वालिटी के साथ पढना होना चाहिये.


जो भी पढना है दिल से पढना चाहिये. हमारे पास कुछ विशेषता होना चाहिये. कोविड का संक्रमण आने से मास्क, सेनीटाइजर के व्यवसाय कों अच्छे दिन आये है. आप गुगल पर देख सकते है कौन से पाठयक्रम है, उस पाठयक्रम मे आपके शहर मे कितने कॉलेज है. आप ऐसा ही पाठयक्रम चुने जो आपके क्षमता के अनुरूप है. दसवी के बाद विज्ञान, वाणिज्य, कला, एमसीवीसी पाठयक्रम है. पॉलिटेक्निक, आईटीआई, कोर्सेस, अन्य छोटे-छोटे पाठयक्रम भी है. वेबिनार मे देशभर के अनेक छात्रो ने उपस्थिती दर्ज की. का)) वेबिनार की भूमिका पुलक मंच परिवार के राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष मनोज बंड ने विशद की. वेबिनार में प्रमुखता से भूविश मेहता, शरद मचाले, दिलीप सावलकर, प्रशांत सवाने, राजेन्द्र नखाते उपस्थित थे.