Published On : Sun, Sep 2nd, 2018

अच्छी क्वालिटी का कोयला दे वेकोलि : बावनकुले

नागपुर: ऊर्जा मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले ने वेकोलि को अधिक अच्छी क्वालिटी का कोयला महानिर्मिति को उपलब्ध करने का निर्देश दिया है. इसके साथ ही उन्होंने महानिर्मिति के अधिकारियों को रोड से कोयला परिवहन बढ़ाने का प्रयास करने व कोयला की गुणवत्ता की जांच करने वाले सिंफर कंपनी को जांच की पद्धति में उचित बदलाव लाने का निर्देश भी दिया है.

बावनकुले ने महानिर्मिति, वेकोलि, रोड परिवहन कोल ठेकेदारों को आपसी समन्वय बढ़ाकर कार्य करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि बारिश अब अंतिम चरण में है और आगामी समय में त्योहारों का सीजन शुरू हो रहा है इसलिए राज्य में बिजली उत्पादन नियमित व पूरी क्षमता से हो इसका ध्यान रखें. वेकोलि के विविध खदानों से कोयला आपूर्ति आवश्यक मात्रा में समय पर महानिर्मिति को उपलब्ध हो इसका ध्यान रखने का निर्देश उन्होंने दिया.

बैठक में महानिर्मिति के संचालन संचालक चंद्रकांत थोटवे, प्रकल्प संचालक विकास जयदेव, खनिकर्म सलाहकार व संचालक श्याम वर्धने, कार्यकारी संचालक राजू बुरडे, प्रदीप शिंगाडे, मुख्य अभियंता अभय हरणे, राजकुमार तासकर, राजेश पाटिल, अनंत देवतारे व वेकोलि के अध्यक्ष तथा व्यवस्थापकीय संचालक राजीव रंजन मिश्र, डा. संजय कुमार, टी.एन. झा, संचालक, एस.एम. चौधरी, क्षेत्रीय महाव्यवस्थापक गोखले, सिंफर के डा. सिंह, धारीवाल एनर्जी के व्यवस्थापकीय संचालक रबी चौधरी, आयडियल एनर्जी के एस.ओ. देशपांडे सहित महानिर्मिति कोराडी, खापरखेड़ा व नागपुर कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे.

खदानों में पानी भरा
राजीव रंजन मिश्र ने बैठक में जानकारी दी कि बारिश में खदानों में पानी भरने के चलते कोयला उत्पादन पर परिणाम हुआ है. आगामी समय में खदानों से नियमित कोल आपूर्ति करने का नियोजन किया गया है. महानिर्मिति को अधिक से अधिक कोयला उपलब्ध किया जाएगा.

बैठक में आइडियल एनर्जी व धारीवाल एनर्जी की ओर से अपनी समस्याएं भी रखी गई जिसका निराकरण बैठक में किया गया. बैठक के बाद महानिर्मिति के संचालन संचालक चंद्रकांत थोटवे मुख्य अभियंता ने भानेगांव व सिंगोरी खदान और कार्यकारी संचालक राजू बुरडे ने दिनेश, गोकुल और मकरधोकड़ा खदान को भेंट देकर कोयला के स्टाक, रोड आदि की समस्या के बारे में जानकारी लेकर संबंधित अधिकारियों को दिशानिर्देश दिया.

दिल्ली में होगी बैठक
ऊर्जा मंत्री ने कहा कि महानदी कोल फील्ड्स लिमिटेड और साउथ ईस्टर्न कोल फील्ड्स लिमिटेड के खदानों से रेलवे द्वारा कोल आपूर्ति की जाती है. इन दोनों कंपनियों के अधिकारियों, रेलवे बोर्ड के सदस्य के साथ दिल्ली में कोल आपूर्ति के संदर्भ में इस हफ्ते उच्च स्तरीय बैठक लेंगे.