Published On : Tue, Feb 24th, 2015

अकोला : बीएचआर पत संस्था ने की 19 लाख की धोखाधडी


पूर्व सैनिक गजानन धामडे ने की कोतवाली में शिकायत

पतसंस्था के दस्तावेज जब्त

BHR
अकोला। भाईचंद हीराचंद रायसोनी मल्टीस्टेट को-आपरेटिव क्रेडिट सोसाईटी में की गई स्वर्ण लक्ष्मी मासिक प्राप्ति योजना की परिपक्वता तिथि बीतने के बाद भी पत संस्था की ओर से भुगतान न किए जाने के कारण निवेशक ने पतसंस्था के खिलाफ कोतवाली पुलिस थाने में धोखाधडी की शिकायत दर्ज कराई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मामले की जांच आरंभ कर पतसंस्था के आवश्यक दस्तावेज जब्त किए हैं. वहीं पत संस्था के अध्यक्ष समेत कुल 34 संचालकों के खिलाफ धोखाधडी का मामला दर्ज किया गया है.

पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार अकोला के आश्रय नगर निवासी पूर्व सैनिक गजानन रामसा धामडे ने सेना से सेवा निवृत्ती के बाद मिली राशि को एकमुश्त निवेश करने के उद्देश्य से भाईचंद हीराचंद रायसोनी पतसंस्था के गांधी चौक स्थित शाखा में स्वर्ण लक्ष्मी मासिक प्राप्ति योजना के तहत 19 लाख रूपए जमा किए. धामडे ने 8 जनवरी 2014 को यह खाता खुलवाया इस वर्ष 8 जनवरी 2015 को योजना की समयसीमा पूरी हुई लिहाजा गजानन धामडेने निवेश की हुई राशि को ब्याज समेत लेने पहुंचे लेकिन पत संस्था की अकोला शाखा ने यह कहते हुए उन्हें रकम देने में असमर्थता जताई कि फिलहाल पत संस्था की वित्तीय हालत पतली होने के कारण वे इतनी बडी रकम ब्याज समेत नहीं दे पा रहे हैं. वे कुछ दिन तक राह देखें. लगभग डेढ माह का समय बीतने के बाद भी बीएचआर ग्रुप की ओर से निवेशक को रकम नहीं मिलने के कारण अंतत: आज उसने कोतवाली पुलिस थाने जाकर बीएचआर पतसंस्था के अध्यक्ष प्रमोद भाईचंद रायसोनी समेत अन्य 33 संचालकों के खिलाफ धारा 409, 420 तथा महाराष्ट्र निवेशक हित सुरक्षा अधिनियम 1999 की धारा 3 के तहत मामला दर्ज करवाया है.

कोतवाली पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पतसंस्था की जांच आरंभ कर कार्यालय में रखे आवश्यक दस्तावेज जब्त किए हैं. पुलिस जांच जारी है.