Published On : Tue, Nov 10th, 2020

प्रशासन,पदाधिकारी व ठेकेदार कंपनी में समझौता !

Advertisement

– इसलिए साढ़े 3 माह बाद भी तमाम सबूत मुहैय्या करवाने के बावजूद ASHWINI INFRA – DC GURUBAKSHANI JV मामले पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं

नागपुर 
M/S ASHWINI INFRA – DC GURUBAKSHANI JV का को मनपा ने M/S ASHWINI INFRA MUMBAI के अनुभव के आधार पर सीमेंट सड़क फेज-2 का ठेका दिया। ठेका शर्तों की पूर्तता न करने के बावजूद मनपा प्रशासन ने इन्हें WORKORDER दिया और तो और जब भुगतान की बारी आई तो मनपा प्रशासन और वित्त विभाग ने गैरकानूनी रूप से  DC GURUBAKSHANI के पुराने खाते में भुगतान कर दिया,इससे ठेकेदार समूह द्वारा GST का दोहरा फायदा उठाया गया.इसकी पुख्ता सबूत देने के बावजूद मनपा प्रशासन की कानों पर जूं नहीं रेंगना अर्थात ‘दाल के काला हैं’ अर्थात इस मामले में प्रशासन,पदाधिकारी व ठेकेदार कंपनी के मध्य समझौता हो चूका हैं,इसलिए मामले की जाँच,कार्रवाई की बजाय दबाने पर जोर दिया जा रहा.इसलिए भी कि क्यूंकि नागपुर महानगरपालिका हैं.
दूसरी ओर स्वच्छ प्रशासन का दावा करने वाली PMO और राज्य की तिकड़ी सरकार का UD को जानकारी देने के बाद भी उनका मूक प्रदर्शन अर्थात हमाम में सभी …… …… ….. ।
यह भी कड़वा सत्य हैं कि उक्त मामले का सबूत 2 माह पूर्व RTI कार्यकर्ता के हाथ लगा होता और तब के मनपायुक्त तुकाराम मुंढे के कार्यकाल में उनके समक्ष उनके ध्यान में लाया गया होता तो RTI ACTIVITIST की मांग घंटों में पूर्ण हो गई होती।क्यूंकि वे जब तक मनपा में रहे उनके टेबल पर फाइल DUMP नहीं होती थी,या आर या फिर पार हो जाया करती थी.लेकिन वर्त्तमान मनपायुक्त राधाकृष्णन बी की कार्यशैली कुछ ज्यादा ही नर्म हैं,जिसका भरपूर फायदा मनपा के दीमक बन चुके अधिकारी-कर्मी उठा रहे,जबकि वर्त्तमान आयुक्त और पूर्व आयुक्त के कामकाज का तौर तरीका एक जैसा हैं.पूर्व को धौंस ज़माने के साथ PUBLICITY का शौक था और वर्त्तमान को शांत रहने व सहन का शौक हैं.
सबसे मजेदार बात यह हैं कि मामले की पुख्ता जानकारी CE और CAFO को देने के बावजूद दोनों ने अजीब सी चुप्पी साध रखी हैं.वह इसलिए भी कि दोनों इस मामले में शामिल नहीं हैं और तो और दोनों बाहरी अधिकारी हैं.लेकिन याद रहे जब कभी मामला बड़े स्तर पर तहकीकात के लिए जाएगा तब इन दोनों की भूमिका को अहम् ठहराया जाएगा।
4% के लाभार्थी ने साधी चुप्पी 
उक्त टेंडर घोटाले मामले के दोषी M/S ASHWINI INFRA – DC GURUBAKSHANI JV के ‘AL’ की माने तो इन्होने टेंडर हासिल करने और गलतियां पर पर्दा डालने के लिए टेंडर की कुल कीमत का 4% कमीशन दिया था,अगर दोषी भी पाया गया तो मनपा प्रशासन के संबंधितों के हस्ताक्षर से वर्कऑर्डर और भुगतान दिया गया.मामले से M/S ASHWINI INFRA – DC GURUBAKSHANI JV का सीधा ताल्लुक नहीं और फिर भी BLACKLIST करने की नौबत आई तो LEAD PARTNER मुंबई की M/S ASHWINI INFR होंगी।DC GURUBAKSHANI समूह के स्वास्थ्य पर कोई असर नहीं पड़ने वाला। इसलिए लाभार्थी के पक्ष सत्तापक्ष ने अजीब सी चुप्पी साध मामले को शांत होने का राह तक रही.
TALEWAR किसके PAY-ROLE सक्रीय 
खुद को बेदाग बतलाने वाला मनपा का SE मनोज तालेवार मनपा के आला अधिकारियों से ज्यादा DC GURUBAKSHANI को UPDATE करने में लीन नज़र आता हैं,इसके साथ ही इनका सहायक हरी/हैरी तो इस सम्बन्ध में SE कार्यालय में आने वाले RTI ACTIVITIST/CE/CAFO/COMMISSIONER के कागजात अविलंब DC GURUBAKSHANI तक पहुंचा रहे.इनके मोबाइल के DETAIL खंगालने पर इसका पर्दाफाश हो सकता हैं.अर्थात मनोज तालेवार मनपा से वेतन उठा रहे साथ में DUTY ‘DC’ जैसों का बजा कर दोहरा लाभ उठा रहे.
उल्लेखनीय यह हैं कि उक्त मामलात की जानकारी महापौर और स्थाई समिति सभापति को देने के बावजूद उनकी भी चुप्पी मनपा में चल रही भ्रष्टाचार को बढ़ावा दे रही.
GET YOUR OWN WEBSITE
FOR ₹9,999
Domain & Hosting FREE for 1 Year
No Hidden Charges
Advertisement
Advertisement

Gold Rate
Feb 18 th, 2026 - Time 11.45Hrs
Gold 24 KT ₹ 1,53,700 /-
Gold 22 KT ₹ 1,42,900 /-
Silver/Kg ₹ 2,40,700 /-
Platinum ₹ 90,000/-
Recommended rate for Nagpur sarafa Making charges minimum 13% and above