Published On : Wed, Jul 26th, 2017

नरेंद्र मोदी के पसंदीदा सीएम योगी आदित्यनाथ ने भेजा अडानी को नोटिस

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की कमान संभालने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक के बाद एक बड़े फैसले ले रहे हैं, इसी कड़ी में उन्होंने सोलर प्लांट लगाने में देरी करने वाली कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई करने का बड़ा फैसला लिया है। योगी सरकार ने राज्य में सोलर प्लांट लगाने में देरी के चलते छह कंपनियों को नोटिस जारी किया है, जिसमें अहम बात यह है कि इन कंपनियों में गौतम अडानी की कंपनी भी शामिल है।

दो साल में नहीं लगाया एक भी पॉवर प्लांट उत्तर प्रदेश में जिन छह कंपनियों को नोटिस जारी किया गया है उसमे से एक अडानी समूह की कंपननी अडानी एनर्जी भी शामिल है। इन तमाम कंपनियों ने यूपी सरकार के साथ यह करार किया था कि वह यूपी मे सोलर प्लांट लगाएंगी, लेकिन दो साल बीत जाने के बाद भी सोलर प्लांट नहीं लगा है, जिसके चलते योगी सरकार ने इन कंपनियों को नोटिस भेजने का फैसला लिया है।

छह कंपनियों को जारी किए गए नोटिस अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार यूपी पावर कार्पोरेशन लिमिटेड (UPPCL) ने इन छह कंपनियों को नोटिस भेजा है। जिसमें अडानी ग्रीन एनर्जी लिमिटेड, पिनाकेल एयर प्राइवेट लिमिटेड, अवध रबड़ प्रोप, मद्रास इलास्टोमर लिमिटेड, सुधाकर इन्फ्राटेक प्राइवेट लिमिटेड और शास्त्राधारा एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड कंपनियां शामिल हैं। नोटिस में यह साफ कहा गया है कि इन तमाम कंपनियों का न्यू एनर्जी डेवलेपेंट अथॉरिटी से किया गया करार खत्म हो सकता है।

Gold Rate
18 Aug 2025
Gold 24 KT ₹ 1,00,100 /-
Gold 22 KT ₹ 93,100 /-
Silver/Kg ₹ 1,15,400/-
Platinum ₹ 48,000/-
Recommended rate for Nagpur sarafa Making charges minimum 13% and above

2015 में किया गया था करार इन तमाम कंपनियों को नोटिस जारी करते हुए यूपीपीसीएल ने कहा है कि इन कंपनियों के साथ सोलर पॉवर पालिसी 2013 के अंतर्गत करार किया गया था, जिसमें कुल 15 कंपनियां शामिल थीं। इन कंपनियों के साथ वर्ष 2015 में यह करार किया गया था। लेकिन इन 15 कंपनियों मे से 9 कंपनियों ने ही 135 मेगावॉट क्षमता का सोलर पॉवर प्लांट स्थापित किए हैं।

80-80 मेगावॉट के प्लांट लगाने थे कुल 15 कंपनियों में से सिर्फ 9 कंपनियों ने करार के अनुसार काम करते हुए सोलर पॉवर प्लांट की स्थापना की है, जबकि छह कंपनियों ने इस करार के इतर एक भी पॉवर प्लांट की स्थापना नहीं की है। इन कंपनियों को 80-80 मेगावॉट का पॉवर प्लांट लगाना था, लेकिन यह नहीं लगाए गए हैं। वहीं यूपीपीसीएल का कहना है कि मौजूदा समय में सोलर पैनल के दामों में भी कमी आई है।

Advertisement
Advertisement