Published On : Wed, Oct 14th, 2020

रेत चोरी को संरक्षण देने वाले पुलिस कर्मियों पर हो कार्रवाई

– स्थानीय नागरिकों सह सामाजिक संगठनों ने की राज्य के ऊर्जावान गृहमंत्री से मांग,सावनेर,खापा,खापड़खेड़ा व केलवद पुलिस का संरक्षण

नागपुर : नागपुर ग्रामीण पुलिस से सम्बंधित थाना सावनेर,खापा,खापड़खेड़ा व केलवद के छत्रछाया में जिला प्रशासन द्वारा रेती उत्खनन की पाबंदी बाद भी रेती के अवैध उत्खनन व परिवहन करने वालों को संरक्षण प्रदान कर रहे.इस मामले की खुलासा होते ही उक्त चारों गांवों के जागरूक नागरिकों सह शहर की कुछ सामाजिक संगठनों ने राज्य के ऊर्जावान गृहमंत्री अनिल देशमुख से उक्त सभी थानों के दोषी कर्मियों को निलंबित/तबादला करने की मांग की हैं.जानकारी मिली हैं कि इस सन्दर्भ में जल्द ही एक शिष्टमंडल गृहमंत्री से मुलाकात कर सम्बन्धी प्रशासन के खिलाफ न्यायालय की शरण में जाने की तैयारी कर रहा हैं.

ग्रामीण पुलिस जिलाधिकारी कार्यालय,जिला खनन विभाग के छत्रछाया में सावनेर तहसील के करजघाट,रायवाड़ी,रामडोंगरी के तीनों घाटों रेती का अवैध उत्खनन पूर्ण शबाब पर हैं.

याद रहे कि कोछि घाट के निकट नदी किनारे के खेतों में पिछले दिनों भारी वर्षा से नदी की रेत भर गई थी,उसे निकालने के लिए जिन जिन खेत मालिकों या खेत मालिकों से निकालने वालों ने किया करार बाद विभाग को किये निवेदन पर निर्णय लेते हुए जिलाधिकारी कार्यालय ने मिट्टी मिश्रित रेत निकालने की पहली अनुमति दी। जो कि सफेद झूठ साबित हुई,कोछि घाट के निकट के नदी किनारे खेतों की ऊंचाई 25 से फुट कम से कम दिखी,गांव वालों का कहना था कि पिछले दिनों वर्षा से गांव में पानी घुसा था न कि उनके खेतों में रेत। इनका यह भी कहना था कि गांव की अधिकांश जगह कोछि डैम प्रकल्प में चली गई,इसके बदले में गॉंव के पीछे सर्वसुविधा युक्त प्लॉट भी दिए जा चुके हैं।अर्थात बोगस निवेदन और बोगस अनुमति देकर अवैध रेती उत्खनन को जिला प्रशासन बढ़ावा दे रही।

अमूमन सभी रेती घाट तक पहुंचने के लिए 3 से 4 रास्ते हैं, इन सभी रास्तों के तिराहों-चौराहों पर रेत चोरी करने वालों के मुखबीर बैठे दिखे,जो खतरा भांपते ही घाट पर सक्रिय को चौकन्ना कर देते और जबतक कोई घाट तक पहुंचता सबकुछ साफ हो जाता। करजघाट मार्ग पर जेसीबी,पोकलेन और ट्रक-ट्रैक्टर-टिप्पर दिखे।रायवाड़ी में ४ पोकलेन द्वारा रात में उत्खनन किया जा रहा.रामडोंगरी की तीनों घाट रेती चोरों का जमावड़ा जिला प्रशासन की धज्जियां उड़ा रहा.

भंडारा रेत चाहिए,दहेगांव आइए जनाब
इनदिनों भंडारा के बेशकीमती रेती का अवैध व्यवहार भी सावनेर तहसील के दहेगांव से हो रहा.बताया जा रहा हैं कि भंडारा की रेती का व्यवहार करने के लिए एक मंत्री ने दहेगांव के अपने करीबी कार्यकर्ता को जिम्मेदारी सौंप रखी हैं.भंडारा जिले से सम्बंधित इस कार्यकर्ता को 2 बड़े दिग्गज राजनेताओं का वर्दहस्त हैं.इनके कार्यालय के इर्द-गिर्द भंडारा रेत से सम्बंधित व्यापारी/ठेकेदार देखने को मिल जाएंगे।यहाँ सिर्फ रेत घाट अवैध रूप से उत्खनन करने की मौखिक अनुमति दी जाती हैं,जिसकी कीमत चुकाने वालों को ही अनुमति मिलती हैं.अवैध उत्खनन करने का ठेका लेने वालों को सम्बंधित गांव के लोगों सह सम्बंधित सरकारी महकमों के अधिकारियों-कर्मियों को सँभालने की जिम्मेदारी दी जाती हैं.इन दिनों भंडारा रेती व्यवसाय के लिए दहेगांव हॉटस्पॉट बना हुआ हैं.