Published On : Fri, Jul 25th, 2014

तलेगांव (शा.पं.) : किसानों पर तेंदुए का हमला, तीन गंभीर


हालत गंभीर, खेतों में काम कर रहे थे तीनों

तलेगांव (शामजीपंत)

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तलेगांव के जुनोना क्षेत्र में अपने खेतों में काम कर रहे किसानों पर अचानक हुए तेंदुआ के हमले में तीन किसान गंभीर रूप से जख्मी हो गए. यह घटना आज 25 जुलाई की दोपहर तीन बजे के आसपास घटी. तीनों को वर्धा के अस्पताल में दाखिल किया गया है.

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सुधाकर मांढले बना पहला शिकार
प्राप्त जानकारी के अनुसार तलेगांव निवासी वसंत मांढले (54), सुधाकर मांढले (52) और प्रवीण लक्ष्मणराव बहिरमकार (30) के जुनोना चूना भट्टी क्षेत्र में खेत हैं. आज शुक्रवार को बारिश खुली होने के कारण तीनों अपने-अपने खेत में काम करने गए थे. तीन बजे के आसपास अचानक एक तेंदुए ने सुधाकर मांढले पर हमला कर दिया. भाई को संकट में देख वसंत मांढले सलाख लेकर दौड़ा और तेंदुए पर प्रहार कर दिया. प्रहार से तिलमिलाए तेंदुए ने सुधाकर को छोड़ वसंत को दबोच लिया. दोनों भाइयों की आवाज सुन पास के ही खेत में काम कर रहा प्रवीण बहिरमकार उन्हें बचाने दौड़ा. अब तेंदुए ने दोनों भाइयों को छोड़ दिया और प्रवीण को पकड़ लिया.

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एक का पैर चबाया, दूसरे की गर्दन

आसपास के किसानों के शोर मचाने के बाद तेंदुआ जंगल की दिशा में भाग खड़ा हुआ. तेंदुआ ने जहां प्रवीण के दाहिने पैर को चबा लिया, वहीं दोनों भाइयों की गर्दन को निशाना बनाया. इसके बाद किसान तीनों जख्मियों को लेकर वन विभाग के तलेगांव कार्यालय पहुंचे. वन विभाग के कर्मचारियों ने तीनों को आर्वी के अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन तीनों की हालत गंभीर होने के कारण बाद में उन्हें वर्धा भेज दिया गया.

वन कर्मचारी ढूंढने में लगे तेंदुए को
इस घटना के बाद वन विभाग के कर्मचारी तेंदुआ को ढूंढने जंगल में निकल पड़े. वनपाल एस. आर. देशमुख, मारोती धामंदे, इंगले, कापगते, भारद्वाज, सराव खबर लिखे जाने तक जंगल से लौटे नहीं थे. जंगल से सटे खेतों वाले किसानों में दहशत का माहौल है.

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