Oops! It appears that you have disabled your Javascript. In order for you to see this page as it is meant to appear, we ask that you please re-enable your Javascript!
    | | Contact: 8407908145 |
    Published On : Sat, Nov 8th, 2014
    Vidarbha Today | By Nagpur Today Vidarbha Today

    वाड़ी : ‘उन’ शिक्षकों की होगी मान्यता रद्द!


    2 मई 2012 को नियमबाह्य मान्यता दी गयी थी

    निजी प्रार्थमिक शिक्षक संघ से चर्चा पर शिक्षण आयुक्त एम. चोक्कालिंगम् का आश्वासन

    De-recognized
    वाड़ी।
    शिक्षण विभाग में व्याप्त भ्रटाचार के विरुद्ध निजी प्रार्थमिक शिक्षक संघ द्वारा समय-समय पर किया गया आंदोलन व चर्चा के लिए बाध्य करने से राज्य के मान्यताप्राप्त शिक्षक संगठनों की बालभारती पुणे में 7 नवम्बर को शिक्षण आयुक्त एम. चोक्कालिंगम् ने एक बैठक में सविस्तार चर्चा की. उन्होंने नागपुर जिला के अतिरिक्त शिक्षकों का समायोजन कर एक अतिरिक्त शिक्षक व एक संस्था द्वारा शिक्षक को नियुक्त करना शिक्षणाधिकारी (प्राथमिक), नागपुर का निर्णय को गलत ठहराया।शिक्षणाधिकारी (प्राथमिक), नागपुर ने अतिरिक्त शिक्षक होते हुए अगस्त में दिया गया न हरकत प्रमाण पत्र की जाँच कर रद्द करने की बात कही. तत्कालीन शिक्षणाधिकारी सोमेश्वर नेताम ने 2 मई 2012 के सरकारी निर्णय के बावजूद 26 स्कूलों के 62 शिक्षक के पदों को नियमबाह्य मान्यता व उनके द्वारा जारी न हरकत प्रमाणपत्र पर तत्काल कार्रवाई करने के आदेश दिए. वहीं 6-8 के प्रशिक्षित पदवीधर शिक्षकों को पदवीधर शिक्षकों की वेतन श्रेणी देने की संगठन की मांग नीतिगत निर्णय होने से सरकारी स्तर पर समाधान करने की बात भी कही. प्राथमिक शाला के लिपिक व चपरासी की मांग पर मूल शिक्षण हक़ नियम की अंतर्गत इस मामले का समावेश न किये जाने की बात बताई. विद्यार्थियों की संख्या के अभाव में पदावनत होने वाले मुख्याध्यापकों को वेतन संरक्षण दिए जाने सम्बन्धी मामले में उन्होंने जांच कर निर्णय लिए जाने की बात कही.

    अपंग समायोजित शिक्षण योजना (माध्यमिक) में 328 मान्यताप्राप्त यूनिट में शिक्षकों की व्यक्तिगत मान्यता नियमित करने सम्बन्धी नकारात्मक भूमिका पर संगठन ने असहमति जताई. वहीं 424 यूनिट में त्रुटियाँ दूर कर नियमित करने के सम्बन्ध में तत्काल कार्यवाही करने के निर्देश शिक्षण सहसंचालक गोविन्द, नांदेड़ ने दिए. नागपुर ज़िले में आधे शैक्षणिक सत्र बीतने के बाद भी 1,52,554 पाठ्य-पुस्तक अब वितरित नहीं किए जाने के सम्बन्ध में जानकारी देने पर जाँच करवाने की बात कही.

    उन्होंने उच्च न्यायालय में दाखिल की गई याचिका व्यक्तिगत होने की बात कहते हुए समायोजन की प्रक्रिया 30 नवम्बर तक पूर्ण करने के स्पष्ट आदेश होने की बात बताई. शैक्षिणिक सत्र 2014-15 के सेट मान्यता सभी के लिए वेबसाइट पर उपलब्ध करवाये जाने की भी बात कही. उसी प्रकार विद्यार्थियों की प्रगति रिपोर्ट भी वेब पर उपलब्ध करवाये जाने पर विचार चलने की बात कही. निजी शालाओं  6 से 8 तक के विद्यार्थियों में खेल, कला, संगीत विषयों के लिए अंशकालीन विशेष शिक्षक सम्बन्धी निर्णय अक्टूबर में ही कर दिए जाने की भी बात कही. शिक्षकों को दिया गया बीएलओ का काम किस प्रकार किया जायेगा, इस पर भी सविस्तार चर्चा करने के बाद निर्णय लेने की बात कही. अवसर पर निजी प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष प्रमोद रेवतकार व सचिव विजय नंदनवार उपस्थित थे.

    Stay Updated : Download Our App
    Mo. 8407908145