Published On : Sat, Jan 14th, 2017

जवानों की जीवन-संगिनियों ने कहा, न्याय चाहिए, सीबीआई जाँच कराओ


नागपुर:
 सीमा सुरक्षा बल के जवान तेजबहादुर यादव की पत्नी शर्मिला यादव तथा सेना के जवान यज्ञप्रताप सिंह की पत्नी ऋचा सिंह मीडिया से मुखातिब हुईं और दोनों ने अपने-अपने पतियों के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ अपनी भी आवाज मिलाते हुए समूचे मामले की सीबीआई जाँच कराने और अपने-अपने पतियों के साथ देश की सेवा में समर्पित हर जवान को न्याय दिलाने की गुहार भारत सरकार से की है.

ख़राब खाना परोसे जाने और अधिकारियों पर जूते साफ़ कराने के आरोप लगाने वाले जवानों की पत्नियों ने अपने-अपने पतियों के आत्मसम्मान की लड़ाई को अंजाम तक ले जाने का फ़ैसला कर लिया है. सीमा सुरक्षा बल के जवान तेज बहादुर यादव ने ख़राब दर्जे का खाना परोसे जाने की शिकायत वाला वीडियो पिछले दिनों पोस्ट किया था और सेना के जवान लांसनायक यज्ञप्रताप सिंह ने अधिकारियों द्वारा जूते साफ़ कराने की शिकायत वाला वीडियो सार्वजानिक किया था, जिसके बाद से इन दोनों जवानों पर कार्रवाई की गाज गिरनी शुरू हुई.

भूख हड़ताल कर रहे हैं यज्ञ प्रताप सिंह
लांसनायक यज्ञप्रताप सिंह की पत्नी ऋचा ने बताया कि वीडियो पोस्ट करने के बाद से ही जवान का मोबाइल सेना के जब्त कर लिया है और फ़िलहाल लांसनायक सिंह न्याय की मांग करते हुए भूख हड़ताल पर बैठे हुए हैं. ऋचा के अनुसार जब उन्होंने अपने पति से फोन पर बात की तो वह रो रहे थे और कह रहे थे कि हर हाल में उन्हें न्याय चाहिए. अब क्योंकि मोबाइल ही जब्त कर लिया गया है, उन्हें नहीं मालूम कि उनकी अपने पति से कब और कैसे बात हो पाएगी. ऋचा सिंह ने रूँधे गले से कहा, ‘भूख हड़ताल के दौरान यदि मेरे पति की हालत बिगड़ती है या वह बीमार होते हैं तो इसकी सारी जिम्मेदारी सरकार और सेना के उन अधिकारियों की होगी, जिन पर उनके पति ने आरोप लगाए हैं.” ऋचा सिंह इस बात से भी परेशान हैं कि मोबाइल जब्त होने के बाद उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि वह अपने पति द्वारा लगाए आरोपों का सुबूत कहाँ से दें, क्योंकि सारे सुबूत उस मोबाइल में ही रिकार्डेड हैं.

सीबीआई जांच की मांग
उधर, सीमा सुरक्षा बल के जवान तेज बहादुर यादव की पत्‍नी शर्मिला यादव ने कहा है कि उनके पति ने जवानों को खराब खाना परोसे जाने संबंधी जो आरोप लगाए हैं और इसके बाद उन पर जो कार्रवाई की गई है, उन सभी की सीबीआई जांच हो। शर्मिला ने कहा, ‘बीएसएफ ने इस मामले में जो जांच की है वह निष्पक्ष जाँच नहीं है। इस बारे में जांच सीबीआई या दूसरी एजेंसी से कराई जाए।’ साथ ही शर्मिला ने आरोप लगाया कि, ‘दो दिन से मेरे पति से मेरी बात नहीं हो पा रही है। उन्‍हें कहां छिपाकर रखा गया है, उन्‍हें सामने लाया जाए। उनकी बात मीडिया से कराई जाए, वह सबकुछ बता देंगे।’

यज्ञप्रताप ने लगाए थे ये आरोप
देहरादून के 42 इन्फेन्ट्री ब्रिगेड में तैनात लांस नायक यज्ञप्रताप सिंह ने एक वीडियो जारी कर आरोप लगाया था कि सेना के अधिकारी जवानों से जूते साफ करवाते हैं और उनसे सहायक के तौर पर दूसरे काम करवाते हैं। उन्‍होंने कहा था कि उन्होंने जून में पीएम, रक्षा मंत्री, राष्ट्रपति और सुप्रीम कोर्ट को इस बारे में लिखा था। यज्ञ प्रताप सिंह ने आरोप लगाया था कि मामले की जांच के बजाए अधिकारियों ने उन्हें परेशान करना शुरू कर दिया था। इसके अलावा, उनके खिलाफ ही जांच शुरू कर दी, जिसके तहत उनका कोर्ट मार्शल भी हो सकता है।