Published On : Tue, Feb 14th, 2017

21 साल पुराने मामले में सिंहासन से सलाखों तक पहुंचीं शशिकला

आय से अधिक सम्पत्ति के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने अन्नाद्रमुक महासचिव वीके शशिकला को दोषी करार दिया है. सुप्रीम कोर्ट ने शशिकला को 4 साल की सजा सुनाई है, शशिकला को यह सजा कर्नाटक की जेल में काटनी होगी. शशिकला पर यह मामला पिछले 21 साल से चल रहा था.

जानें क्या है पूरा मामला

1991 से 1996 तक तमिलनाडु की पूर्व मुख्यमंत्री जे. जयललिता पर मुख्यमंत्री पद पर रहने के दौरान अपनी आय से ज्यादा 66 करोड़ रुपये की सम्पत्ति जमा करने का आरोप था. जयललिता पर शशिकला और अन्य दो लोगों के साथ मिलकर 32 ऐसी कंपनियां बनाने का आरोप था जिनका कोई बिजनेस नहीं था.

सुब्रमण्यम स्वामी ने दायर किया था केस

1996 में सुब्रमण्य स्वामी ने जयललिता के खिलाफ आय से अधिक सम्पत्ति के खिलाफ मुकदमा दायर किया था. जिसके बाद जयललिता को सभी संपत्ति का ब्यौरा देना पड़ा था. इन कंपनियों के जरिये नीलगिरी, तिरुनेलवली में 1000-1000 एकड़ की जमीन खरीदी गई थी, वहीं जयललिता के पास 30 किलोग्राम सोना, 12 हजार साड़ियां पाई गई थी.

स्पेशल कोर्ट ने सुनाई थी सजा

इस मामले की सुनवाई तमिलनाडु के बाहर बेंगलुरु की स्पेशल कोर्ट में हुई थी, इस कोर्ट ने 27 सितंबर 2014 को जयललिता, शशिकला और दो अन्य बेहिसाब प्रॉपर्टी रखने के मामले में दोषी करार दिया.

कर्नाटक हाईकोर्ट ने किया था बरी

जयाललिता ने इस फैसले को कर्नाटक हाईकोर्ट में चैलेंज किया था जिसके बाद हाईकोर्ट ने 11 मई 2015 को जया और शशिकला समेत सभी चार दोषियों को बरी कर दिया था. हाईकोर्ट ने 1000 पेज का फैसला सुनाया था.