Published On : Wed, Oct 12th, 2016

नागपुर में रोहित वेमुला की माँ ने बसपा को दिया वैचारिक समर्थन, देश भर में करेंगी बीजेपी का विरोध

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नागपुर: रोहित वेमुला की माँ राधिका वेमुला ने आगामी उत्तरप्रदेश में चुनाव के दौरान भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ जनजागृति करने की बात कही है। धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के उपलक्ष्य में नागपुर स्थित दीक्षा भूमि के दर्शन करने पहुँची राधिका वेमुला ने बुधवार को पत्रकारों से बात करते हुए यह बात कही। बहुजन समाज पार्टी द्वारा आयोजित पत्रकार परिषद में राधिका ने कहाँ कि वह रोहित के लिए न्याय की माँग के लिए लड़ाई लड़ रही है । बसपा जिन नीतियों को लेकर चल रही है वह उसके साथ है, उनका पार्टी के साथ राजनितिक सहभाग न भी हो पर वो वैचारिक रूप से बसपा का समर्थन करती है। रोहित वेमुला की आत्महत्या को 9 महीने बीत चुके है फिर भी उन्हें न्याय का इंतजार है। वह यूपी में जाकर जनता को बताएंगी कि बीजेपी उन्हें न्याय नहीं दे रही है।

हैदराबाद विश्वविद्यालय के दलित छात्र रोहित वेमुला ने विश्वविद्यालय प्रशासन से हुए भेदभाव से हताश होकर आत्महत्या कर ली थी। जिसके बाद से रोहित के लिए न्याय की माँग करते हुए आंबेडकर स्टूडेंट असोसिएशन संघर्षरत है। इस असोसिएशन के कन्वीनर और रोहित के मित्र सन्नाकी मुन्ना के अनुसार वो न्याय के लिए लगातार संघर्षरत है। रोहित की आत्महत्या के बाद देश के विश्वविद्यालयो में दलित छात्रों के साथ होने वाले भेदभाव का सच देश के सामने आया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रोहित की मौत पर देश का एक लाल खोने की बात कही थी पर उसे न्याय अब तक नहीं दिया। हैदराबाद विश्वविद्यालय में अब भी भेदभाव जारी है। देश भर में दलित छात्रों के अधिकारों के लिए, उनके संरक्षण के लिए हम रोहित एक्ट की माँग कर रहे है।

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रोहित वेमुला की माँ का कहना है कि बीजेपी रोहित की आत्महत्या के मामले में देश को भ्रमित कर रही है। यह मामला पूरी तरह साफ है और आरोपियों को सख्त सजा मिलनी चाहिए, जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलता वो संघर्ष करती रहेंगी। आंबेडकर स्टूडेंट असोसिएशन के अनुसार उनके संगठन पर जातिवादी और एंटी नेशनल होने का आरोप लगाया गया है जो सरासर गलत है। हम तो भेदभाव ख़त्म करने के लिए जॉइंट एक्शन कमिटी बनाकर अपनी लड़ाई लड़ रहे है। रोहित की आत्महत्या के मामले में हैदराबाद विश्वविद्याल के कुलगुरु अप्पा राव, एवीबीपी नेता सुशील कुमार, सांसद और मंत्री बंडारू दत्तात्रय और तत्कालीन मानव संसाधन मंत्री स्मृति ईरानी और विधायक रामचंद्रराव साफ तौर पर जिम्मेदार हैं और उनके खिलाफ कार्यवाही होनी चाहिए।

रूपानवाला कमिटी की रिपोर्ट- बीजेपी की रिपोर्ट
राधिका वेमुला ने रोहित वेमुला की आत्महत्या के मामले में सरकार द्वारा गठित एक सदस्यीय जस्टिस अशोक कुमार रूपानवाला कमिटी के जाँच को गैरजिम्मेदाराना ठहराया है। कमिटी ने रोहित के आत्महत्या के मामले में विश्वविद्याल के कुलगुरु अप्पा राव और स्मृति ईरानी को क्लीन चिट दी है। इस पर राधिका वेमुला ने कहाँ कि कमिटी के पास किसी को क्लीन चिट देने का अधिकार नहीं है। यह बीजेपी की रिपोर्ट है, सरकार की अन्य एजेंसिया भी गलत रिपोर्ट दे रही है।

मैं दलित ही हूँ, जाति पर विवाद खड़ा करना गलत – राधिका वेमुला
रोहित वेमुला की माँ ने अपनी जाति को लेकर बीजेपी द्वारा उठाये गए सवालो पर भी सफाई दी। राधिका के अनुसार वो माला जाति में पैदा हुई जिसके बाद उनके घर के बगल में रहने वाली बनाला अंजनी देवी ने उन्हें दत्त्तक लिया। अंजनी देवी वडेरा जाति की थी जो ओबीसी में आती है जबकि माला जाति अनुसूचित जाति में। उनकी यही शादी हुई उनके पति को उनकी जाति की जानकारी शादी से पहले ही दे दी गई थी। राधिका ने यह भी बताया की उनकी मूल जाति की वजह से जिन्होंने उन्हें दत्तक लिया उन्होंने भी जीवन भर उनके और उनके बच्चो के साथ भेदभाव किया। उन्हें दत्तक बेटी की लालसा में नहीं बल्कि घर काम करने के लिए एक साधन के तौर पर लिया गया था। वह मूलतः दलित है इसके साक्ष्य उन्होंने प्रस्तुत भी किये है।

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