Published On : Mon, Aug 28th, 2017

भास्कर नायडू उर्फ ‘अन्ना’ गिरफ्तार

Dhantoli Police Station
नागपुर:
धंतोली पुलिस के पीएसआई राठोड व गजानन मेजर की शह पर अपराधी प्रवृत्ति का भास्कर नायडू उर्फ अन्ना पीछे कुछ समय से धंतोली स्थित सिन्हा परिवार पर उनकी बेशकीमती मकान-जमीन हड़पने के लिए लगातार कहर ढाह रहा है. इस मामले पर पुलिस प्रशासन गंभीर दखल न लेने के कारण सिन्हा परिवार का जीना दूभर हो गया है. गत दिनों पुलिस आयुक्त के हस्तक्षेप से धंतोली पुलिस ने अन्ना को गिरफ्तार कर जेल रवाना किया.

एफआईआर में अंकित धंतोली में रहने वाली एक युवती के साथ अकेला देख आरोपी भास्कर नायडू उर्फ अन्ना ने १ अगस्त २०१७ की शाम बदसलूकी की. साथ ही जान से मारने की धमकी भी दी. इसके बाद युवती अपने घर से पैदल चलकर थाने शिकायत कराने पहुंची. लेकिन गेट पर फिर से इसी आरोपी अन्ना ने थाने से लौट जाने की बात कहते हुए मारने की धमकी दी. फिर भी युवती थाने के भीतर पहुंचीं. लेकिन यहां भी अन्ना के समर्थक सिपाही ने इस युवती को अन्ना के खिलाफ शिकायत दर्ज करने की मांग किए जाने को लेकर जमकर फटकार लगाई. पास में बैठे अन्य सिपाही के हस्तक्षेप पर ‘एनसी’ का मामला दर्ज कर युवती को रवाना कर दिया.

दो दिन बाद उक्त युवती के रिश्तेदार लालसिंह ठाकुर जो किसी और जगह रहते हैं, उनके आने पर इस घटना की जानकारी उन्हें दी. ठाकुर ने ५ अगस्त २०१७ को मामले की गंभीरता को देखकर पुलिस आयुक्त को लिखित जानकारी देकर न्याय की मांग की. १४ अगस्त २०१७ को यह मामला पुलिस आयुक्तालय से पुलिस उपायुक्त के सामने जांच-पड़ताल के लिए आया. बर्डी थाने में पुलिस उपायुक्त ने इस संदर्भ में शिकायतकर्ता को बुलाकर पुछताछ की. फिर पुलिस उपायुक्त ने सह आयुक्त को मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई करने के आदेश दिए.

एसीपी ने धंतोली थाने में तैनात पीएसआई संगीता यादव को आगे की कार्रवाई करने के निर्देश दिए. इसी दौरान धंतोली पुलिस में अन्ना के खिलाफ चल रही कार्रवाई की भनक अन्ना तक पहुंची गई. अन्ना ने मामले का रुख मोड़ने के लिए अपनी पत्नी को हंगामा कर धंतोली थाने में शिकायतकर्ता ईशा सिन्हा,उसके पिता राजेंद्र ठाकुर, रिश्तेदार लालसिंह ठाकुर के खिलाफ ही मारपीट, कपडे फाड़ने की शिकायत दर्ज करवाई. जिसे पुलिस ने बिना जांच पड़ताल किए मामला दर्ज कर लिया. अन्ना की पत्नी की शिकायत की खबर पर जांच करने पीएसआई संगीता यादव घटनास्थल पहुंची. जहां आसपास के नागरिकों ने सिन्हा-ठाकुर के पक्ष एवं अन्ना दंपत्ति के खिलाफ में बयां दिया. यह भी जानकारी दी कि अन्ना दंपत्ति आए दिन यहां हंगामा करते रहते हैं. सीधे-सादे सिन्हा परिवार को झांसे में लेकर पहले उनके मकान में किरायेदार बने फिर मकान हड़पने के लिए तरह-तरह की शाजिश रच रहे हैं.

जांच में पीएसआई यादव ने अन्ना की पत्नी की शिकायत को को झूठा पाया. फिर सिन्हा-ठाकुर की शिकायत के आधार पर की गई जांच के आधार पर अन्ना को गिरफ्तार कर न्यायलय में पेश कर न्यायलय के आदेश पर जेल रवाना किया. उल्लेखनीय यह है कि अन्ना को धंतोली के पीएसआई राठोड व गजानन मेजर का संरक्षण प्राप्त है.शिकायतकर्ता सिन्हा व ठाकुर ने उक्त मामले में पुलिस की भूमिका से आम नागरिकों पर हो रहे अत्याचार पर पुलिस प्रशासन की नजर अंदाजी समझ से परे है. साथ ही पुलिस द्वारा दर्ज एफआईआर में अनेकों गलतियां उनकी कार्यप्रणाली पर उंगलियां उठा रही हैं.